NEET-UG पेपर लीक मामला पहुंचा सुप्रीम कोर्ट: NTA को हटाने और CBI जांच की मांग
News Image

नीट-यूजी (NEET-UG) 2026 परीक्षा में पेपर लीक का मामला अब देश की सर्वोच्च अदालत पहुंच गया है। फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन (FAIMA) ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर परीक्षा आयोजित करने वाली संस्था NTA की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

NTA को हटाकर नई संस्था के गठन की मांग याचिका में मांग की गई है कि NTA को पूरी तरह से हटाकर या उसमें आमूल-चूल सुधार कर एक नई, स्वतंत्र और हाई-टेक संस्था राष्ट्रीय परीक्षा अखंडता आयोग (NEIC) का गठन किया जाए। FAIMA ने मांग की है कि जब तक यह नई संस्था नहीं बनती, तब तक परीक्षा की सुरक्षा की जिम्मेदारी सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज की अध्यक्षता वाली एक कमेटी संभाले, जिसमें साइबर एक्सपर्ट और फॉरेंसिक वैज्ञानिक शामिल हों।

परीक्षा के पैटर्न में बड़े बदलाव की वकालत पेपर लीक के खतरों को जड़ से खत्म करने के लिए याचिका में ऑफलाइन परीक्षा की जगह कंप्यूटर आधारित (CBT) मॉडल अपनाने का सुझाव दिया गया है। याचिकाकर्ताओं का तर्क है कि इससे पेपर को हाथों से ले जाने का जोखिम खत्म हो जाएगा। इसके अलावा, क्वेश्चन पेपर को डिजिटल रूप से लॉक करना अनिवार्य बनाने की भी मांग की गई है।

CBI की जांच और मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी इस बीच, मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच सीबीआई (CBI) को सौंप दी गई है। सीबीआई ने मामले के मुख्य आरोपी शुभम खैरनार को नासिक से गिरफ्तार किया है। 30 वर्षीय शुभम, जो खुद एक बीएएमएस (BAMS) डॉक्टर है, पर आरोप है कि उसने 10 लाख रुपये में पेपर खरीदे और फिर उन्हें 15 लाख रुपये प्रति सेट के हिसाब से अलग-अलग राज्यों के 10 लोगों को बेचे।

पांच राज्यों तक फैला है नेटवर्क जांच में खुलासा हुआ है कि पेपर लीक का जाल पांच राज्यों—महाराष्ट्र, राजस्थान, हरियाणा, पश्चिम बंगाल और उत्तराखंड तक फैला हुआ है। नासिक, पुणे, लातूर, गुरुग्राम और सीकर से इसके सीधे संबंध मिले हैं। जयपुर के दो भाइयों द्वारा गुरुग्राम के एक डॉक्टर से 30 लाख रुपये में पेपर खरीदने और देहरादून के राकेश मंडवारिया द्वारा 700 छात्रों तक पेपर पहुँचाने जैसे सनसनीखेज खुलासे जांच को और जटिल बना रहे हैं।

क्या है मामला? 3 मई को आयोजित हुई नीट-यूजी 2026 परीक्षा में 22 लाख से अधिक छात्र शामिल हुए थे। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि पेपर प्रिंटिंग के दौरान ही लीक हो गया था, जिसके चलते बायोलॉजी के 90 और केमिस्ट्री के 35 सवाल हूबहू लीक हो गए थे। विवाद बढ़ने के बाद राजस्थान में परीक्षा रद्द कर दी गई थी, और अब पूरे मामले पर सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में निष्पक्ष जांच की मांग जोर पकड़ रही है।

*

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

प्रतीक यादव का असामयिक निधन: अखिलेश यादव पहुंचे पोस्टमार्टम हाउस, शोक में डूबा परिवार

Story 1

केरल में कांग्रेस की अंदरूनी कलह: ‘वायनाड को बना देंगे अमेठी’, राहुल-प्रियंका को मिली सीधे धमकी

Story 1

दूल्हे की गजब हरकत! दुल्हन को पहनाने की जगह खुद ही पहन ली वरमाला, वीडियो देखकर हंसी नहीं रोक पाएंगे आप

Story 1

क्या पंजाब के खिलाफ वापसी करेंगे हार्दिक पांड्या? नेट्स में पसीना बहाते दिखे मुंबई इंडियंस के कप्तान

Story 1

NEET-UG 2026 रद्द: पेपर लीक से मचा कोहराम, छात्रों का फूटा गुस्सा

Story 1

CBI चीफ का चयन: राहुल गांधी का PM को तीखा पत्र, कहा- मैं रबर स्टाम्प नहीं

Story 1

NEET पेपर लीक पर भड़के आनंद कुमार, चीन के गाओकाओ मॉडल को भारत में लागू करने की मांग

Story 1

तेल संकट के बीच पीएम मोदी ने पेश की मिसाल, काफिला छोटा कर दिया आर्थिक देशभक्ति का संदेश

Story 1

प्रतीक यादव का आकस्मिक निधन: मौत की असल वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी, अस्पताल ने साधी चुप्पी

Story 1

ट्रंप की चीन यात्रा से पहले बीजिंग ने खींची लक्ष्मण रेखा , इन 4 मुद्दों पर बोलने की मनाही