महाराष्ट्र की सियासत में रविवार (4 अक्टूबर) को एक ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला। सियासी मतभेदों को दरकिनार कर ठाकरे परिवार के दो दिग्गज—उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे—एक साथ सड़क पर उतरे। मुंबई में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ निकाला गया यह संयुक्त मार्च देश की चुनावी पारदर्शिता पर बड़े सवाल खड़े कर गया।
वोट चोर के खिलाफ हल्ला बोल मेट्रो सिनेमा से बीएमसी मुख्यालय तक निकले इस विशाल मार्च में हजारों समर्थकों ने वोट चोर, गद्दी छोड़ और चुनाव आयोग हटाओ, देश बचाओ के नारों से आसमान गूंजा दिया। उद्धव और राज ठाकरे ने साफ कर दिया कि उनकी लड़ाई अब व्यक्तिगत नहीं, बल्कि लोकतंत्र को बचाने की है।
ठाकरे बंधुओं की तीन मुख्य मांगें
प्रदर्शन के केंद्र में चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता रही। दोनों नेताओं ने मुख्य रूप से तीन बड़ी मांगें रखी हैं:
सरकार जनता तय करेगी, आयोग नहीं राज ठाकरे ने कड़े शब्दों में कहा कि सत्ता का फैसला जनता को करना चाहिए, चुनाव आयोग को नहीं। उन्होंने महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों के आंकड़ों पर संदेह जताते हुए कहा कि लोकसभा और विधानसभा चुनावों के बीच मतदाताओं की संख्या में अचानक हुई भारी बढ़ोतरी संदिग्ध है।
उद्धव ठाकरे ने इस दौरान केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा, हिटलर भी तानाशाह था, लेकिन अंत में उसे खुद को गोली मारनी पड़ी। जो लोग आज मनमानी कर रहे हैं, उन्हें यह याद रखना चाहिए।
विपक्ष का साझा सुर इस प्रदर्शन को संजय राउत, अनिल देसाई और अरविंद सावंत जैसे नेताओं का भी समर्थन मिला। संजय राउत ने इसे तानाशाही के खिलाफ विद्रोह बताया, तो अरविंद सावंत ने कहा कि दोनों ठाकरे भाइयों का एक मंच पर आना लोकतंत्र की रक्षा के लिए नई ऊर्जा है।
कुल मिलाकर, ठाकरे परिवार की यह एकजुटता महाराष्ट्र की राजनीति में एक नए समीकरण का संकेत दे रही है, जहाँ अब मुख्य मुद्दा संविधान और वोटिंग अधिकार की सुरक्षा बन गया है।
Mumbai: Shiv Sena (UBT) chief Uddhav Thackeray says, I have a question mark over the appointment of the Election Commissioners. The Election Commission should be appointed through an election. Earlier, there was a committee comprising the Chief Justice of India, the Prime… pic.twitter.com/I669MGfxkU
— ANI (@ANI) October 4, 2026
भारत की सीरीज जीत, लेकिन आखिरी वनडे में वेस्टइंडीज का शानदार पलटवार
सूरत एयरपोर्ट पर मौत को मात: अचानक गिरे कर्मचारी की CISF जवानों ने CPR देकर बचाई जान
कैप्टन स्मित पर बीजेपी का सवाल: आतंकियों पर रोने वाले गांधी परिवार की जुबान क्यों खामोश?
ईरानी कप में मुकेश कुमार का विस्फोट : 8 विकेट लेकर टीम इंडिया में वापसी का दावा ठोंका
आमिर खान के मुरीद हुए जगद्गुरु सतीशाचार्य, बोले- वेदांत और गीता सीख रहे हैं सुपरस्टार
PM मोदी और कैप्टन स्मित मच्छार को इजरायल का न्योता, नेतन्याहू बोले- आप पूरी दुनिया के हीरो
घुसपैठ पर भारत का कड़ा प्रहार: पाकिस्तान को तलब कर सुनाई खरी-खरी
दिवाली से पहले सरकार का बड़ा एक्शन: चीनी की जमाखोरी पर लगाम, स्टॉक लिमिट तय
135 साल पुरानी लाइब्रेरी पर सेंट्रल विस्टा का संकट: अब सुप्रीम कोर्ट करेगा भविष्य का फैसला
निशानेबाज की गजब कला: एक के बाद एक गुब्बारे फोड़कर दुकानदार को कर दिया बेहाल, वीडियो वायरल