दिल्ली दंगों से जुड़े UAPA मामले में दिल्ली हाई कोर्ट से एक बार फिर उमर खालिद और शरजील इमाम को बड़ा झटका लगा है। अदालत ने दोनों की जमानत याचिकाएं खारिज कर दी हैं। इस फैसले के बाद उमर खालिद के पिता सैयद कासिम रसूल इलियास ने गहरी निराशा जताई है।
आठवीं बार खारिज हुई जमानत मीडिया से बातचीत में सैयद कासिम रसूल इलियास ने बताया कि यह आठवीं बार था जब उन्होंने उमर खालिद की रिहाई के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया था। उन्होंने कहा, ट्रायल कोर्ट से तीन बार, सुप्रीम कोर्ट से दो बार और हाई कोर्ट से अब तक तीन बार हमारी याचिकाएं ठुकराई जा चुकी हैं।
चार्जशीट में सुबूतों का अभाव? पिता का तर्क है कि मामले की चार्जशीट में ऐसा कोई ठोस सबूत नहीं है जो उमर खालिद को दंगों से सीधे तौर पर जोड़ता हो। उन्होंने सवाल उठाया कि जब प्राइम फेसी (प्रथम दृष्टया) कोई ठोस आधार नहीं दिख रहा, तो बार-बार जमानत क्यों रोकी जा रही है? इलियास ने अदालत के सेट पैटर्न पर भी सवाल खड़े किए।
जेल नियम और बेल अपवाद बन गई है कानूनी व्यवस्था पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि देश में बेल इज रूल, जेल इज एक्सेप्शन का सिद्धांत चलता है, लेकिन उमर खालिद के मामले में यह उलट गया है। उन्होंने कहा, किसी भी व्यक्ति को बिना ट्रायल के 6 साल तक जेल में रखना प्रक्रिया को ही सजा में बदल देता है। यह न्याय की मूल भावना के खिलाफ है।
ट्रायल में देरी की चिंता पिता ने इस बात पर भी चिंता जताई कि इस मामले में 900 गवाह हैं, जिसके कारण ट्रायल के जल्द खत्म होने की कोई उम्मीद नहीं है। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका के ऐसे फैसले आश्चर्यजनक हैं और यह सोचने पर मजबूर करते हैं कि क्या अदालतें किसी दबाव में काम कर रही हैं।
क्या कहा दिल्ली हाई कोर्ट ने? न्यायमूर्ति प्रतिभा एम. सिंह और न्यायमूर्ति दिनेश कुमार शर्मा की पीठ ने स्पष्ट किया कि वे सुप्रीम कोर्ट के 5 जनवरी के उस आदेश में बदलाव नहीं कर सकते, जिसमें आरोपियों को जमानत के लिए एक निश्चित समय तक इंतजार करने को कहा गया था।
गौरतलब है कि उमर खालिद और शरजील इमाम पर फरवरी 2020 के दिल्ली दंगों की साजिश रचने का आरोप है। इन दंगों में 53 लोगों की जान गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे। अब कानूनी दांव-पेच के बीच आरोपियों की मुश्किलें और बढ़ती नजर आ रही हैं।
Delhi: On the Delhi High Court refusing to grant bail to Umar Khalid and Sharjeel Imam in the Delhi riots UAPA case, Umar Khalid s father, Syed Qasim Rasool Ilyas, says, Today s decision has disappointed us once again. This was the eighth time that we had applied for bail. Bail… pic.twitter.com/UH3wj8NpRD
— IANS (@ians_india) September 30, 2026
बेगूसराय में दरिंदगी: होटल में युवती से बेरहमी, वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर किया वायरल
IAS से राजनीति तक: दिव्या मित्तल और राजा भैया की मुलाकात ने बढ़ाया यूपी का सियासी पारा
पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल के दाम घटे: राहत या दिखावा? नई कीमतों ने बढ़ाई आम आदमी की चिंता
आगरा में हैवानियत: चूल्हे पर कुत्ते को भूनते शख्स का वीडियो वायरल, पुलिस की तलाश जारी
एशियन गेम्स 2026: भारत की स्वर्णिम हैट्रिक, निशानेबाजी और तीरंदाजी में बरसे गोल्ड
गुवाहाटी में वेस्टइंडीज का ऐतिहासिक प्रहार: एक वनडे में जड़े 3 शतक, भारत को दिया 406 रनों का विशाल लक्ष्य
झारखंड में गूंजेगा वन्यजीव सप्ताह का शोर: 2 से 7 अक्टूबर तक होंगे खास आयोजन
18 नए युद्धपोत, बेमिसाल ताकत: भारतीय नौसेना करने जा रही है अब तक का सबसे बड़ा विस्तार
क्या बृजभूषण शरण सिंह थामेंगे साइकिल? अखिलेश यादव का बड़ा बयान
दिल्ली का विंटर एक्शन प्लान 2026-27 : अब पुराने वाहनों की नो-एंट्री और दफ्तरों के समय में बदलाव