मुरादाबाद: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस से पहले मुरादाबाद के जिलाधिकारी डॉ. राजेंद्र पेंसिया का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर चर्चा का विषय बना हुआ है। बैठक के दौरान अधिकारियों के साथ कुर्सी पर बैठकर योग करने के उनके अंदाज ने सभी का ध्यान खींचा है।
अधिकारियों को सिखाया वर्क डेस्क योग आयुष विभाग द्वारा 15 से 21 जून तक आयोजित होने वाले योग सप्ताह की तैयारियों को लेकर डीएम एक समीक्षा बैठक कर रहे थे। इसी बीच उन्होंने अधिकारियों के काम का तनाव कम करने के लिए उन्हें कुर्सी पर बैठे-बैठे ही कुछ योगासन कराए। डीएम का तर्क है कि व्यस्तता के बीच भी योग के जरिए स्वस्थ रहा जा सकता है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस इस वीडियो के वायरल होते ही सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। जहां कुछ लोग इसे स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बता रहे हैं, वहीं कुछ सवाल उठा रहे हैं कि क्या प्रशासनिक अधिकारियों को जनसमस्याओं के निस्तारण के बजाय योग सत्रों पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए।
क्या है योग सप्ताह का लक्ष्य? इस साल योग दिवस की थीम योगा फॉर हेल्दी एजिंग रखी गई है। 15 जून को रामगंगा किनारे स्थित बलदेव नेचुरोपैथी केंद्र से इस सप्ताह की शुरुआत होगी। 21 जून को कंपनी बाग में मुख्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। डीएम ने निर्देश दिए हैं कि इन शिविरों में प्लास्टिक का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही, मिस्ड कॉल अभियान के जरिए वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का लक्ष्य भी रखा गया है।
कौन हैं डॉ. राजेंद्र पेंसिया? डॉ. राजेंद्र पेंसिया 2014 बैच के तेज-तर्रार आईएएस अधिकारी हैं। मूल रूप से राजस्थान के श्रीगंगानगर के रहने वाले पेंसिया का करियर काफी संघर्षपूर्ण रहा है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 2005 में एक शिक्षक के रूप में की थी।
2011 में आरएएस (RAS) अधिकारी बनने के बाद भी उनका सपना आईएएस बनने का था, जिसे उन्होंने अपनी मेहनत से पूरा किया। मुरादाबाद से पहले संभल के जिलाधिकारी के रूप में भी वे चर्चा में रहे थे, जहां उन्होंने सरकारी जमीनों से अवैध कब्जों को हटवाने और प्राचीन मंदिरों के जीर्णोद्धार जैसे बड़े कदम उठाए थे।
*मुरादाबाद DM कार्यालय में अधिकारियों-कर्मचारियों को योगाभ्यास कराते हुए वीडियो वायरल है।
— Adv Deepak Babu (@dbabuadvocate) June 9, 2026
योग अच्छी बात है, क्या DM साहब अब जनता की समस्याओं के समाधान से ज्यादा प्राथमिकता योग सत्रों को देंगे?
सरकारी दफ्तरों का मूल उद्देश्य जनसुनवाई, शिकायतों का निस्तारण और प्रशासनिक कार्य है।… pic.twitter.com/uMfoRe33IQ
19 सरकारी नौकरियों का रिकॉर्ड: रायपुर की चारु पांडे की सफलता पर आखिर क्यों छिड़ी महाभारत ?
ग्रेटर नोएडा में आवारा कुत्तों के साथ बर्बरता: वायरल वीडियो ने पशु सुरक्षा पर खड़े किए गंभीर सवाल
क्या 2027 वर्ल्ड कप में टीम इंडिया को वाकई विराट-रोहित की जरूरत है? इरफान पठान ने खोला बड़ा राज
आसमान से गिरा लैपटॉप: बीच सड़क पर बिखरे टुकड़े, वीडियो देख दंग रह गए लोग
नागौद राजघराने में खूनी खेल: बहू पर फायरिंग करने वाली प्रेमिका थाने में कर रही ऐश , वीडियो वायरल
एमपी बोर्ड 12वीं सप्लीमेंट्री रिजल्ट जारी: लड़कियों ने फिर मारी बाजी, 59.57% छात्र सफल
ईरान को नहीं मिलेगा एक भी रुपया ! परमाणु डील पर अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने तोड़ी चुप्पी
NEET UG 2026: परीक्षा पैटर्न में बड़े बदलाव, अब छात्रों को मिलेगा ज्यादा समय और बेहतर सुविधा
कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता पर सुनील पाल का फूटा गुस्सा, बोले- ये समाज के आतंकवादी हैं
फेसबुक-इंस्टाग्राम डाउन होते ही मीम की आई बाढ़, मार्क जुकरबर्ग निशाने पर