हरियाणा की बेटी का वैश्विक सम्मान: मेजर अभिलाषा बराक को मिला प्रतिष्ठित UN मिलिट्री जेंडर एडवोकेट अवॉर्ड
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लेबनान में मानवाधिकारों की रक्षा के लिए मिला सम्मान भारतीय सेना की मेजर अभिलाषा बराक को यूएन मिलिट्री जेंडर एडवोकेट ऑफ द ईयर अवॉर्ड से नवाजा गया है। वर्तमान में लेबनान में संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन (UNIFIL) में तैनात मेजर बराक को यह पुरस्कार संघर्षग्रस्त क्षेत्रों में महिलाओं और लड़कियों तक पहुंच बनाने व उनके साथ संवाद स्थापित करने के उनके असाधारण प्रयासों के लिए दिया गया है।

कौन हैं मेजर अभिलाषा बराक? हरियाणा के रोहतक की रहने वाली मेजर अभिलाषा बराक का ताल्लुक सैन्य परिवार से है। उनके पिता भारतीय सेना से सेवानिवृत्त कर्नल हैं। अभिलाषा ने दिल्ली प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (DTU) से बी.टेक की पढ़ाई पूरी की और कॉरपोरेट क्षेत्र में भी अनुभव लिया। इसके बाद उन्होंने चेन्नई की ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी (OTA) से प्रशिक्षण लिया और सितंबर 2018 में सेना के एयर डिफेंस कॉर्प्स में कमीशन प्राप्त किया। वह भारतीय सेना की पहली महिला कॉम्बैट हेलीकॉप्टर पायलट होने का गौरव भी रखती हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा- बेटियों के लिए प्रेरणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मेजर बराक को बधाई देते हुए इसे देश के लिए गर्व का क्षण बताया। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि यह सम्मान न केवल मेजर बराक की अनुकरणीय सेवाओं को मान्यता है, बल्कि यह संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में भारत के दीर्घकालिक योगदान को भी दर्शाता है। पीएम मोदी ने जोर देकर कहा कि उनकी यह उपलब्धि उन तमाम युवाओं और विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणा है, जो राष्ट्र और मानवता की सेवा का सपना संजोते हैं।

हरियाणा के मुख्यमंत्री ने दी बधाई हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी मेजर अभिलाषा की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि देश की नारी शक्ति की क्षमता और भारतीय सेना की गौरवशाली परंपरा को सशक्त करती है। सीएम सैनी ने सोशल मीडिया पर शुभकामना देते हुए लिखा कि उनकी यह ऐतिहासिक सफलता युवाओं को समर्पण भाव के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।

क्या है यह पुरस्कार? संयुक्त राष्ट्र मिलिट्री जेंडर एडवोकेट ऑफ द ईयर अवॉर्ड हर साल शांति अभियानों में तैनात उन सैन्य अधिकारियों को दिया जाता है, जो संयुक्त राष्ट्र के महिला, शांति और सुरक्षा एजेंडे को आगे बढ़ाने में उत्कृष्ट योगदान देते हैं। शांति मिशनों के बल कमांडरों और मिशन प्रमुखों द्वारा नामित उम्मीदवारों में से विजेताओं का चयन किया जाता है। मेजर अभिलाषा बराक यह सम्मान पाने वाली भारत की तीसरी महिला अधिकारी हैं।

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