उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की आहट के साथ ही राज्य में इंडिया गठबंधन के भीतर हलचल तेज हो गई है। सपा और कांग्रेस के बीच सीट शेयरिंग को लेकर चल रही बातचीत एक नाजुक दौर में पहुंच गई है, जहां पार्टी के भीतर ही दो अलग-अलग सुर सुनाई दे रहे हैं।
कांग्रेस के अंदर दो खेमों में बंटी राय कांग्रेस के भीतर एक धड़ा मानता है कि गठबंधन की मजबूती के लिए सपा जो भी सीटें दे, उन्हें स्वीकार कर लेना चाहिए। वहीं, दूसरा खेमा इस बात पर अड़ा है कि पार्टी को अपनी शर्तों पर कम से कम 150 सीटों की मांग कायम रखनी चाहिए। इस अंतर्कलह ने पार्टी नेतृत्व के लिए मुश्किलें खड़ी कर दी हैं।
सपा सांसद के दावे ने बढ़ाई उलझन 24 अक्टूबर को सपा सांसद रामाशंकर राजभर के एक बयान ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी। उन्होंने दावा किया कि सीट बंटवारे का फॉर्मूला तय हो चुका है और जल्द ही इसका ऐलान होगा। हालांकि, उन्होंने सीटों की संख्या पर चुप्पी साधे रखी। इसके उलट, कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम का कहना है कि टिकट बंटवारे के लिए अभी समिति बनाई जाएगी, जो सपा के दावे से मेल नहीं खाता।
अखिलेश यादव का कड़ा रुख सूत्रों की मानें तो सपा प्रमुख अखिलेश यादव कांग्रेस को 60-65 से ज्यादा सीटें देने के मूड में नहीं हैं। अखिलेश का साफ मानना है कि सीटों की संख्या से ज्यादा महत्व जीतने की क्षमता (Winnability) का है। सपा पहले ही 350 सीटों पर अपनी तैयारी का दावा कर चुकी है, जिससे यह स्पष्ट है कि वे बड़े भाई की भूमिका में बने रहना चाहते हैं।
नेतृत्व का अलग-अलग लहजा यूपी कांग्रेस की नई कमान—प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा मोना , कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद और प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम—के बयानों में भी तालमेल की कमी दिखती है। जहाँ आराधना मिश्रा संगठनात्मक समीक्षा की बात कर रही हैं, वहीं इमरान मसूद कांग्रेस के लिए सम्मानजनक हिस्सेदारी की वकालत कर रहे हैं।
दावों के पीछे का गणित कांग्रेस 2024 के लोकसभा चुनाव में मिली 6 सीटों को आधार बनाकर अपनी ताकत को तौल रही है। दूसरी ओर, सपा 2022 के विधानसभा चुनाव के आंकड़ों को याद दिलाती है, जहां कांग्रेस का प्रदर्शन बेहद मामूली रहा था। फिलहाल, दोनों पार्टियां गठबंधन टूटने की बात से इनकार कर रही हैं, लेकिन सीटों का यह गणित कब सुलझेगा, यह बड़ा सवाल बना हुआ है। भाजपा इस खींचतान पर लगातार तंज कस रही है।
— UP Congress (@INCUttarPradesh) October 26, 2026
धनुष की 3,000 महिला फैंस के साथ मुलाकात, क्या यह राजनीति में कदम रखने का संकेत है?
सड़क पर फिल्मी स्टाइल में बर्थडे मनाना पड़ा महंगा, नायब तहसीलदार के खिलाफ FIR दर्ज
भारत बनाम न्यूजीलैंड तीसरा टी20: क्या वैभव सूर्यवंशी पर फिर भरोसा जताएंगे कप्तान? सामने आया बड़ा अपडेट
गोमती रिवरफ्रंट पर मलबे का अंबार: अखिलेश यादव ने भाजपा पर साधा निशाना, कहा- भ्रष्टाचार में डूबे घाट
मोदीजी से कहिए ज्ञानेश कुमार को हटाएं, 30 सेकंड में आंदोलन रुक जाएगा : दिल्ली रैली पर राहुल गांधी का तीखा जवाब
गंदगी बोलोगे तो गंदगी ही सुनोगे : खरगे के बचाव में उतरे इमरान मसूद, BJP को दी सीधी चुनौती
रामायण में मंगल रंग का रहस्य: हल्दी या कोई और रस्म? सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
रामायण का मंगल रंग : क्या कव्वाली के तड़के ने बिगाड़ दिया भगवान राम के विवाह का संगीत?
अरुणाचल में चीनी घुसपैठ का दावा: सेना ने वीडियो को बताया फर्जी , कांग्रेस के आरोपों का खंडन
चुनावी धांधली का आरोप: अखिलेश यादव ने कहा- वोट चोरी कर रही है बीजेपी