मेडिकल फ्रेटरनिटी को निशाना नहीं बनाया जा सकता सुप्रीम कोर्ट ने डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर एक कड़ा संदेश दिया है। सोमवार को एक अहम सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने शिवसेना पार्षद रमेश म्हात्रे को बॉम्बे हाईकोर्ट से मिली जमानत पर रोक लगा दी। अदालत ने स्पष्ट किया कि चिकित्सा जगत से जुड़े लोगों पर हमले को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
क्या है पूरा मामला? महाराष्ट्र के ठाणे जिले में एक म्युनिसिपल अस्पताल के अंदर डॉक्टरों के साथ मारपीट करने का आरोप पार्षद रमेश म्हात्रे पर है। इस घटना के बाद से ही आरोपी पर कानूनी कार्रवाई चल रही थी। बॉम्बे हाईकोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी थी, जिसे राज्य सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी।
संदेश स्पष्ट और जोरदार होना चाहिए न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ ने सुनवाई के दौरान सख्त लहजा अपनाते हुए कहा, संदेश स्पष्ट और जोरदार तरीके से जाना चाहिए कि मेडिकल फ्रेटरनिटी को छुआ नहीं जा सकता। वे समाज के लिए सेवा करते हैं और उन पर इस तरह के हमले असहनीय हैं।
19 आपराधिक मामलों का खुलासा सुनवाई के दौरान म्हात्रे के वकील ने दलील दी कि मामले में दो गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं और सुनवाई सुचारू रूप से चल रही है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी की पृष्ठभूमि पर गौर किया। अदालत को जानकारी दी गई कि रमेश म्हात्रे के खिलाफ मौजूदा मामले समेत कुल 19 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
कोर्ट का अल्टिमेटम तथ्यों पर विचार करने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के जमानत आदेश को खारिज कर दिया। अदालत ने पार्षद को निर्देश दिया है कि वे अगले तीन दिनों के भीतर आत्मसमर्पण करें। यह फैसला डॉक्टरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
STORY | SC says medical fraternity can t be attacked, cancels Shiv Sena corporator s bail
— Press Trust of India (@PTI_News) September 28, 2026
Asserting that the medical fraternity cannot be touched, the Supreme Court on Monday stayed the Bombay High Court order granting bail to Shiv Sena corporator Ramesh Mhatre, who was accused… pic.twitter.com/ywHDpE4pN1
EPFO का निधि आपके निकट 2.0 कैंप आज: PF और पेंशन की उलझनों का होगा ऑन-द-स्पॉट समाधान
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग पर सड़क पर उतरी कांग्रेस, देशभर में प्रदर्शन और हंगामे
मैदान पर भिड़ीं दक्षिण अफ्रीकी दिग्गजों की जोड़ी, लाइव मैच में टेम्बा बवुमा और क्विंटन डी कॉक के बीच तीखी बहस
ईवीएम पर मायावती का बड़ा हमला: नगीना सीट का जिक्र कर चंद्रशेखर पर साधा निशाना
LPU विवाद: क्या रेप हुआ या महज एक अफवाह? SIT जांच में फंसी पहेली
ईरान के जाल में फंसा अमेरिकी समुद्री जासूस , ट्रंप प्रशासन की बढ़ी टेंशन
उज्जैन में शाही मस्जिद के पास हिंसक झड़प: सड़क चौड़ीकरण के विरोध में पथराव, आंसू गैस के गोले दागे गए
बैंक हड़ताल टली: 28-30 सितंबर को खुले रहेंगे बैंक, जानिए 5-डे वर्किंग पर क्या है सरकार का रुख
यूपी 2027: चिराग पासवान की हुंकार और बीजेपी की दो टूक , क्या NDA में सब ठीक है?
एशियन गेम्स 2026: सेमीफाइनल में पहुंची टीम इंडिया, जानें कब और किसके खिलाफ होगा महामुकाबला