नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पायरेसी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने लोकप्रिय मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम को एक कड़ा नोटिस भेजा है। इसमें प्लेटफॉर्म पर धड़ल्ले से शेयर की जा रही पायरेटेड फिल्मों और ओटीटी सामग्री पर तत्काल रोक लगाने का निर्देश दिया गया है।
सिर्फ शिकायत पर कार्रवाई काफी नहीं सरकार ने टेलीग्राम को स्पष्ट कर दिया है कि अब पायरेटेड चैनलों को एक-एक करके हटाने का तरीका काम नहीं आएगा। मंत्रालय ने कहा कि प्लेटफॉर्म को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए खुद ही ऐसे चैनलों के खिलाफ सक्रियता दिखानी होगी। आईटी अधिनियम, 2000 और आईटी नियम, 2021 के तहत इसे उचित परिश्रम (Due Diligence) की कमी माना गया है।
15 दिन की मोहलत, वरना होगी कानूनी कार्रवाई मंत्रालय ने टेलीग्राम को 15 दिनों के भीतर एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) जमा करने का निर्देश दिया है। सरकार ने चेतावनी दी है कि यदि अनुपालन में ढिलाई बरती गई या अधूरी प्रतिक्रिया दी गई, तो कॉपीराइट अधिनियम, 1957 और सिनेमैटोग्राफ अधिनियम, 1952 के तहत आपराधिक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सिस्टम में जवाबदेही की मांग सरकार अब केवल कंटेंट हटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि वह टेलीग्राम के शिकायण निवारण तंत्र (Grievance Redressal Mechanism) की भी समीक्षा कर रही है। मंत्रालय ने टेलीग्राम से निर्माताओं, ओटीटी प्लेटफॉर्मों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए काम कर रहे उनके सपोर्ट सिस्टम का पूरा विवरण मांगा है।
लगातार निशाने पर हैं टेक कंपनियां यह कार्रवाई मेटा (फेसबुक, व्हाट्सएप और इंस्टाग्राम) के खिलाफ सरकार की हालिया सख्ती के बाद आई है। बता दें कि केंद्र ने व्हाट्सएप की नई फीचर नीति और इंस्टाग्राम पर मौजूद आपत्तिजनक विज्ञापनों को लेकर भी मेटा को नोटिस जारी किया है।
क्रिएटर इकोनॉमी की सुरक्षा का वादा सरकारी अधिकारियों का कहना है कि यह कदम भारतीय फिल्म उद्योग, प्रसारकों और ओटीटी निर्माताओं की आजीविका को बचाने के लिए उठाया गया है। पायरेसी के कारण कंटेंट क्रिएटर्स को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है, जिसे रोकने के लिए सरकार अब प्लेटफॉर्म जवाबदेही (Platform Accountability) सुनिश्चित करने पर जोर दे रही है।
Ministry of Information and Broadcasting sends fresh notice to Telegram, accusing the platform of not doing enough to stop piracy. Demands proactive takedown of piracy groups and channels. Warns of further examination and action under the
— Aroon Deep (@AroonDeep) July 4, 2026
applicable legal framework . pic.twitter.com/nRTynNRKFj
मौत का खतरनाक मोड़ : किशनगंज में जर्जर पुल का एप्रोच कभी भी ले सकता है बड़ी जान
क्या DigiLocker में डॉक्यूमेंट होने पर भी सीज हो सकती है आपकी गाड़ी? ट्रैफिक नियमों का सच जानिए
2000 रुपये का हो सकता था गैस सिलेंडर, मगर मोदी सरकार की रणनीति से टला बड़ा संकट
पाकिस्तानी ड्रामा ज़ब्त विवादों में: धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप, एक्ट्रेस ने मांगी माफी
अब नहीं चलेगी प्राइवेट स्कूलों की मनमानी: फीस बढ़ोतरी पर दिल्ली सरकार का कसा शिकंजा
15 साल की उम्र में वैभव सूर्यवंशी ने मचाया धमाल: डेब्यू मैच में ही जड़े तूफानी छक्के
अमेरिका में सब्जी मंडी जैसा नजारा: न्यू जर्सी के स्टोर में डिस्काउंट के लिए मची भगदड़
जैकब बेथेल की आतिशी पारी के आगे पस्त हुआ भारत, इंग्लैंड ने दूसरे टी20 में दर्ज की शानदार जीत
राजस्थान को मिला 1.06 करोड़ का तोहफा, पीएम मोदी बोले- संकट चाहे जो हो, भारत कभी नहीं रुकता
कमरे में बंद कर लाठी से भी पीटेंगे, तो भी JMM नहीं छोड़ेंगे कांग्रेसी – भानु प्रताप शाही का तंज