क्या DigiLocker में डॉक्यूमेंट होने पर भी सीज हो सकती है आपकी गाड़ी? ट्रैफिक नियमों का सच जानिए
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सोशल मीडिया पर उत्तर प्रदेश का एक वीडियो इन दिनों खूब चर्चा में है। वीडियो में एक बाइक चालक दावा कर रहा है कि DigiLocker में डिजिटल दस्तावेज दिखाने के बावजूद पुलिस ने उसकी बाइक सीज कर ली। हालांकि इस घटना की आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है, लेकिन इस वीडियो ने देशभर के वाहन चालकों के मन में यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या डिजिटल दस्तावेज वाकई सुरक्षित हैं?

क्या कानूनन मान्य हैं डिजिटल दस्तावेज? भारत सरकार के डिजिटल इंडिया अभियान के तहत, DigiLocker और mParivahan ऐप में मौजूद दस्तावेजों को फिजिकल कागजों के बराबर कानूनी मान्यता प्राप्त है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के नियमों के अनुसार, ट्रैफिक पुलिस या अधिकृत अधिकारी इन डिजिटल दस्तावेजों को स्वीकार करने के लिए बाध्य हैं। सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 और Central Motor Vehicles Rules, 1989 (नियम 139) के तहत इन्हें मूल दस्तावेजों के समान दर्जा दिया गया है।

स्क्रीनशॉट दिखाने की गलती न करें बहुत से चालक अपने फोन की गैलरी में दस्तावेजों की फोटो या स्क्रीनशॉट सेव रखते हैं और उन्हें ही पुलिस को दिखा देते हैं। यह गलत है। कानून केवल उन्हीं दस्तावेजों को मान्यता देता है जो सीधे DigiLocker या mParivahan ऐप के लाइव डैशबोर्ड पर दिखाई देते हैं। स्क्रीनशॉट या फोटोकॉपी को कानूनी रूप से अमान्य माना जाता है, जिसके कारण आप मुसीबत में फंस सकते हैं।

एक्सपायर दस्तावेजों का डिजिटल होना भी बेकार याद रखें, दस्तावेज का डिजिटल होना उसकी वैधता की गारंटी नहीं है। यदि आपका ड्राइविंग लाइसेंस या आरसी (RC) की अवधि समाप्त हो चुकी है, तो ऐप में मौजूद उसका डिजिटल वर्जन भी अमान्य माना जाएगा। अपनी यात्रा से पहले यह सुनिश्चित करें कि आपके सभी दस्तावेज (बीमा, प्रदूषण प्रमाणपत्र और लाइसेंस) एक्टिव और वैध हों।

कब सीज हो सकती है आपकी गाड़ी? केवल DigiLocker में दस्तावेज होने भर से आपकी सुरक्षा पक्की नहीं है। पुलिस निम्नलिखित परिस्थितियों में कार्रवाई कर सकती है:

वाहन चालकों के लिए जरूरी सुझाव

  1. लाइव ऐप का प्रयोग करें: जांच के समय फोन की गैलरी की जगह सीधे ऐप ओपन करके दस्तावेज दिखाएं।
  2. बैटरी और इंटरनेट का ध्यान रखें: यात्रा पर निकलने से पहले सुनिश्चित करें कि आपका फोन चार्ज हो और ऐप में लॉग-इन की समस्या न हो।
  3. समय-समय पर अपडेट चेक करें: अपने इंश्योरेंस और पीयूसी (PUC) की एक्सपायरी डेट को ऐप में चेक करते रहें।
  4. सजग रहें: ट्रैफिक पुलिस को डिजिटल दस्तावेज दिखाने के लिए ऐप का उपयोग करना आपका अधिकार है, बशर्ते आपके पास सभी वैध कागज हों।

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