SRH vs PBKS: पंजाब की दो बड़ी गलतियों ने लिख दी हार की पटकथा, 104 रन लुटाकर मैच गंवाया
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हैदराबाद के राजीव गांधी स्टेडियम में सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) और पंजाब किंग्स (PBKS) के बीच खेले गए मुकाबले का नतीजा पहली पारी खत्म होते ही लगभग साफ हो गया था। हैदराबाद ने बोर्ड पर 235 रनों का विशाल स्कोर टांगा। पंजाब की पारी की शुरुआत इतनी खराब रही कि टीम पावरप्ले के अंदर ही अपने मुख्य बल्लेबाजों को खोकर बैकफुट पर आ गई।

बल्लेबाजी नहीं, फील्डिंग बनी जी का जंजाल पंजाब किंग्स की हार में सबसे बड़ी भूमिका उनकी लचर फील्डिंग ने निभाई। टीम ने दो ऐसे ब्लंडर किए, जिन्होंने मैच का रुख पूरी तरह से हैदराबाद की ओर मोड़ दिया। ये दोनों गलतियां तब हुईं जब बल्लेबाज क्रीज पर सेट होने के लिए संघर्ष कर रहे थे।

पहला ब्लंडर: कूपर कोनली का आसान कैच मैच के आठवें ओवर में इशान किशन ने एक पुल शॉट खेला। गेंद डीप स्क्वायर लेग पर खड़े कूपर कोनली के हाथों में सीधे आई, लेकिन कोनली उसे सुरक्षित हाथों में नहीं रख सके। उस समय इशान किशन सिर्फ 9 रन पर थे। जीवनदान मिलने के बाद इशान ने हाथ खोले और पंजाब को यह गलती 44 रन महंगी पड़ी।

दूसरा ब्लंडर: शशांक सिंह की चूक कोनली की गलती से टीम संभली भी नहीं थी कि आठ गेंद बाद शशांक सिंह ने वैसी ही गलती दोहरा दी। इस बार बल्लेबाज हेनरिच क्लासेन थे, जो 9 रन पर बल्लेबाजी कर रहे थे। क्लासेन के लॉफ्टेड स्वीप को शशांक ने हाथों में लेकर भी छिटका दिया और गेंद सीधे बाउंड्री के बाहर गई। क्लासेन ने इसके बाद मैच का पासा पलटते हुए 69 रन बनाए। यह चूक पंजाब को 60 रन महंगी पड़ी।

104 रनों की भारी कीमत इन दो कैच ड्रॉप्स ने पंजाब की कमर तोड़ दी। इशान किशन और हेनरिच क्लासेन, दोनों ही 9-9 रन के निजी स्कोर पर जीवनदान मिलने के बाद क्रीज पर डटे रहे। आंकड़ों के मुताबिक, पंजाब ने अपनी खराब फील्डिंग से कुल 104 रन अतिरिक्त लुटाए।

अगर ये आसान कैच पकड़े जाते, तो हैदराबाद का स्कोर 235 तक पहुंचना नामुमकिन था। पंजाब की इसी लापरवाही ने मैच की कहानी पहले ही लिख दी थी।

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