मुनीर की ड्रेस डिप्लोमेसी : ईरान के सामने वर्दी, अमेरिका के सामने सूट; क्या है इसके पीछे का गणित?
News Image

इस्लामाबाद इन दिनों अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता का केंद्र बना हुआ है। लेकिन इस कूटनीतिक हलचल के बीच सबसे ज्यादा चर्चा पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर के मेकओवर की हो रही है। एक ही दिन में दो अलग-अलग डेलिगेशन को रिसीव करने के लिए मुनीर ने अपनी पोशाक बदलकर सबको चौंका दिया है।

ईरानी मेहमानों के लिए कॉम्बैट अवतार जब 70 सदस्यीय ईरानी प्रतिनिधिमंडल इस्लामाबाद पहुंचा, तो जनरल मुनीर पूरी तरह मिलिट्री कॉम्बैट यूनिफॉर्म में नजर आए। हाथ में छड़ी और सख्त मिजाज के साथ उनका यह लुक स्पष्ट संदेश था। 2024 में दोनों देशों के बीच हुए मिसाइल हमलों की कड़वाहट के बाद, मुनीर ने यह संकेत दिया कि पाकिस्तान अपनी सुरक्षा को लेकर किसी भी स्थिति के लिए तैयार है।

अमेरिकी उपराष्ट्रपति के लिए डिप्लोमैटिक सूट ठीक कुछ ही घंटों बाद, जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस पहुंचे, तो मुनीर का अंदाज बदल चुका था। इस बार वे औपचारिक ब्लैक सूट में थे। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह एक सोची-समझी कूटनीति है। अमेरिका के साथ संबंधों को सहज और राजनीतिक रूप देने के लिए उन्होंने खुद को एक डिप्लोमैटिक लीडर के रूप में पेश किया।

क्या यह डर या साख का सवाल है? सूत्रों का कहना है कि यह बदलाव सिर्फ शिष्टाचार नहीं है। हाल ही में डोनाल्ड ट्रंप और जेडी वेंस ने यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की के कैजुअल पहनावे पर आपत्ति जताई थी। संभव है कि जनरल मुनीर ने किसी भी प्रोटोकॉल विवाद से बचने के लिए अमेरिका के सामने सूट-बूट का विकल्प चुना हो।

पाकिस्तान का असली पावर सेंटर कौन? यह ड्रेस डिप्लोमेसी अंतरराष्ट्रीय मंच पर ही नहीं, बल्कि पाकिस्तान के भीतर भी एक संदेश दे रही है। शहर भर में लगे पोस्टरों में प्रधानमंत्री की जगह सेना प्रमुख की तस्वीर का होना और रेड कार्पेट पर उनका प्रभाव साफ दर्शाता है कि पाकिस्तान की वास्तविक सत्ता किसके हाथों में है।

निष्कर्ष कुल मिलाकर, मुनीर ने अपनी पोशाक के जरिए यह साबित कर दिया है कि वे केवल एक सैन्य कमांडर नहीं, बल्कि पाकिस्तान के सबसे प्रभावशाली राजनीतिक खिलाड़ी भी हैं। उन्होंने ईरान को अपनी सैन्य ताकत दिखाई, तो अमेरिका को अपनी राजनीतिक परिपक्वता । अब दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या यह ड्रेस डिप्लोमेसी वाकई क्षेत्र में शांति लाने में सफल होगी।

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

खेल-खेल में मौत को बुलावा: ड्रम पर चढ़कर गेट खोल रहा था मासूम, गले में फंसी चेन और फिर...

Story 1

पहले ईसाई बनो, फिर मिलेगा वेतन : रायपुर के नामी स्कूल में धर्मांतरण का सनसनीखेज खेल

Story 1

IPL 2026: राजस्थान की अजेय दौड़ और RCB की पहली हार से पॉइंट्स टेबल में बड़ा उलटफेर

Story 1

टैंकर भर लो, हमारे पास सबसे मीठा तेल है - ईरान से तनाव के बीच डोनाल्ड ट्रंप का दुनिया को खुला न्योता

Story 1

जंग के साये में सिगेह : ईरान के पुलिस अफसर ने केवल एक महीने के लिए क्यों रचाई शादी?

Story 1

जयपुर के होटल की अनूठी पहल: कूड़े में नहीं, जरूरतमंदों के पेट में जा रहा बचा हुआ खाना

Story 1

जिसकी कभी कोर्ट में की थी पैरवी, उसी ने ली वकील की जान: मिर्जापुर में खौफनाक मर्डर मिस्ट्री

Story 1

बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन? चिराग पासवान ने तोड़ी चुप्पी, नई सरकार का फॉर्मूला हुआ लीक

Story 1

महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती: राष्ट्रपति और PM मोदी ने दी श्रद्धांजलि, सामाजिक सुधारक के योगदान को किया नमन

Story 1

दिल्ली में सस्ती होंगी इलेक्ट्रिक कारें: 30 लाख तक की गाड़ियों पर टैक्स में 100% छूट, जानें नई ड्राफ्ट पॉलिसी की शर्तें