असम विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने अपनी चुनावी बिसात बिछा दी है। शुक्रवार को पार्टी ने उम्मीदवारों की एक अहम सूची जारी कर ऊपरी असम से लेकर बराक घाटी तक अपने मजबूत दावेदारों को मैदान में उतारने का ऐलान किया है। पार्टी का लक्ष्य भाजपा के गढ़ में सेंधमारी करना है।
दिग्गजों पर दांव, नए चेहरों को मिला मौका कांग्रेस की केंद्रीय चुनाव समिति ने सोच-समझकर सीटों का बंटवारा किया है। पार्टी ने बिदिशा नियोग (जलुकबारी), रोहित परिगा (तंगला) और जयंता बोराह (बिश्वनाथ) जैसे नेताओं को टिकट दिया है। वहीं, जॉय प्रकाश दास को नौबोइचा और ज्ञानदीप मोहन को महमोरा से उम्मीदवार बनाया गया है। बराक घाटी में राहुल रॉय को हैलाकांडी से टिकट देकर पार्टी ने अपने जनाधार को और मजबूत करने का संकेत दिया है।
विपक्ष को एकजुट करने की कवायद कांग्रेस ने केवल अपने उम्मीदवारों का चयन ही नहीं किया, बल्कि भाजपा को रोकने के लिए विपक्षी एकता का फॉर्मूला भी अपनाया है। गठबंधन के तहत कांग्रेस ने रायजोर दल के लिए मानस, ढिंग, तेजपुर, सिबसागर और मारियानी समेत कई सीटें छोड़ी हैं। यह रणनीति वोटों के बिखराव को रोकने के लिए तैयार की गई है।
संतुलन बनाने की कोशिश राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि कांग्रेस फूंक-फूंक कर कदम रख रही है। एक तरफ पार्टी मजबूत स्थानीय उम्मीदवारों पर भरोसा जता रही है, तो दूसरी तरफ सहयोगियों को साथ लेकर भाजपा विरोधी वोटों का ध्रुवीकरण करना चाहती है।
बढ़ने वाली है चुनावी सरगर्मी नामांकन की प्रक्रिया जारी होने के साथ ही राज्य में चुनावी माहौल तेजी से गरमा रहा है। असम की कई सीटों पर अब बहुकोणीय मुकाबला देखने को मिल सकता है। ऐसे में उम्मीदवारों का चयन और गठबंधन का तालमेल ही तय करेगा कि कांग्रेस, सत्तारूढ़ भाजपा के किले को भेदने में कितनी सफल हो पाती है।
The Central Election Committee of Congress has selected the following persons as Congress candidates for the forthcoming elections to the Assam Legislative Assembly 👇 pic.twitter.com/S7te4hrGPh
— Congress (@INCIndia) March 20, 2026
IPL 2026: सनराइजर्स हैदराबाद को तगड़ा झटका, स्टार ऑलराउंडर बाहर
जब सौरभ भारद्वाज लेकर पहुंचे अपनी अर्थी : बीजेपी पर बरसे आप नेता, कहा- सिर पर कफ़न बांध लिया है
मौत आ जाए पर ऐसा कॉन्फिडेंस न आए! दूल्हे के झामफाड़ डांस ने इंटरनेट पर मचाया तहलका
अलीगढ़ में ‘गैंगवार’: भरे बाजार में ताबड़तोड़ गोलियां, भाजपा के 8 नेता सलाखों के पीछे
टैक्स का नया युग: 1 अप्रैल 2026 से बदल जाएंगे आयकर के नियम, जानें क्या होगा आसान और क्या होगा सख्त
‘वह धोनी नहीं, बस संजू सैमसन है’: जब गंभीर ने थरूर को टोककर दी थी सबसे बड़ी नसीहत
वाराणसी: कॉलेज कैंपस में प्रिंसिपल के सामने छात्र की हत्या, 8 गोलियों से दहला यूपी कॉलेज
मुंडन संस्कार बना मिसाल: बच्चे को अकेला न लगे, इसलिए पूरे परिवार ने मुंडवा लिया सिर
ईद-उल-फितर 2026: चांद ने दिया धोखा, अब 21 मार्च को मनाई जाएगी ईद; जानें लखनऊ में नमाज का समय
नूडल्स का लालच, रागी की सज़ा: बच्ची के साथ माँ की ऐसी चीटिंग देख लोग हुए हैरान