ईरान के एकमात्र सक्रिय बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट के परिसर में एक प्रोजेक्टाइल (मिसाइल या गोला) गिरने की खबर है। हालांकि, राहत की बात यह है कि इस घटना में न तो प्लांट को कोई नुकसान पहुंचा है और न ही किसी कर्मचारी के घायल होने की सूचना है।
IAEA की पुष्टि और चिंता संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी संस्था, इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी (IAEA) ने इस घटना की पुष्टि की है। संस्था ने सोशल मीडिया पर बताया कि ईरानी अधिकारियों ने उन्हें सूचित किया कि मंगलवार शाम बुशहर परिसर में एक प्रोजेक्टाइल गिरा। घटना के बाद सुरक्षा उपायों की समीक्षा की जा रही है।
महानिदेशक राफेल ग्रॉसी की चेतावनी IAEA के महानिदेशक राफेल ग्रॉसी ने सभी पक्षों से अधिकतम संयम बरतने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि परमाणु सुविधाओं के आसपास किसी भी तरह की सैन्य गतिविधि एक बड़ी न्यूक्लियर दुर्घटना को न्योता दे सकती है। ग्रॉसी के अनुसार, ऐसी घटनाएं क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा करती हैं।
ईरान का न्यूक्लियर कार्यक्रम और चुनौतियां ईरान लगातार यह दावा करता रहा है कि उसका परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह से शांतिपूर्ण है और इसका उद्देश्य केवल ऊर्जा उत्पादन और चिकित्सा है। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी प्रतिबंधों और तनावपूर्ण माहौल के कारण इन साइटों की निगरानी करना IAEA के लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।
बुशहर प्लांट क्यों है सामरिक रूप से अहम? बुशहर प्लांट फारस की खाड़ी के तट पर स्थित है, जो इसे सामरिक रूप से अत्यंत संवेदनशील बनाता है। रूस की कंपनी रोसाटॉम द्वारा संचालित इस प्लांट की पहली यूनिट 1 गीगावाट बिजली का उत्पादन कर रही है। यहां दूसरी और तीसरी यूनिट पर काम चल रहा है, जो इसे ईरान के ऊर्जा तंत्र की रीढ़ बनाता है।
बढ़ता क्षेत्रीय तनाव क्षेत्र में जारी सैन्य संघर्षों ने हालात को अनिश्चित बना दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि बुशहर प्लांट को निशाना बनाने की कोशिशें जारी रहीं, तो इसका असर न केवल ईरान बल्कि पूरे खाड़ी क्षेत्र के पर्यावरण और सुरक्षा पर पड़ सकता है। संघर्ष बढ़ते तनाव के बीच यह घटना सुरक्षा मानकों पर एक बड़ा सवालिया निशान है।
The IAEA has been informed by Iran that a projectile hit the premises of the Bushehr NPP on Tuesday evening. No damage to the plant or injuries to staff reported. Director General @RafaelMGrossi reiterates call for maximum restraint during the conflict to prevent risk of a… pic.twitter.com/fhze0vOqrQ
— IAEA - International Atomic Energy Agency ⚛️ (@iaeaorg) March 18, 2026
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