PoK में कोहराम: रावलकोट में पाक सेना का क्रूर हमला, घरों पर बरसाए जा रहे ड्रोन और गोले
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पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के रावलकोट में स्थिति बेहद भयावह हो गई है। पाकिस्तानी सेना पर आम नागरिकों के घरों को निशाना बनाने का गंभीर आरोप लगा है। इस सैन्य कार्रवाई में अब तक 3 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 18 लोग गंभीर रूप से घायल हैं।

सुबह 5 बजे से जारी है तांडव हिंसा की शुरुआत गुरुवार सुबह 5 बजे हुई। रावलकोट के उमर फारूक चौक के आसपास पाकिस्तानी सैनिकों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सेना ने रिहायशी इलाकों में ड्रोन के जरिए बारूद बरसाया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में घरों से उठती आग की लपटें और विस्फोट के टुकड़े देखे जा सकते हैं।

इंटरनेट सेवाएं ठप, शहर में दहशत प्रशासन ने पूरे इलाके में मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी हैं। संचार के साधन बंद होने से लोग अपनों से संपर्क नहीं कर पा रहे हैं। हालांकि, तमाम दमनकारी नीतियों के बावजूद स्थानीय लोग सड़कों पर डटे हुए हैं और पाकिस्तानी सेना के खिलाफ अपना आक्रोश जता रहे हैं।

जून 2026 से जारी है आक्रोश PoK में यह विरोध प्रदर्शन जून 2026 से जारी है। शुरुआत में मुद्दा सस्ती बिजली और आटे की बढ़ती कीमतों का था, लेकिन अब यह आंदोलन प्रशासनिक स्वायत्तता और स्थानीय संसाधनों पर अधिकार की मांग में बदल चुका है। अब तक की रिपोर्टों के अनुसार, सेना की कार्रवाई में क्षेत्र में 153 से ज्यादा लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।

दमन का विरोध, झुकने को तैयार नहीं प्रदर्शनकारी स्थानीय नागरिकों और जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तानी सेना जानबूझकर निहत्थे प्रदर्शनकारियों और बच्चों को निशाना बना रही है। रावलकोट की गलियों में फिलहाल सन्नाटा और बारूद की महक है, लेकिन प्रदर्शनकारी साफ कर चुके हैं कि वे सेना की दमनकारी नीतियों के आगे घुटने नहीं टेकेंगे।

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