बिहार विधान परिषद चुनाव के नतीजे आने के बाद एनडीए (NDA) के भीतर हलचल तेज हो गई है। तिरहुत स्नातक सीट पर जेडीयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता अभिषेक झा की हार ने पार्टी के भीतर गंभीर अंतर्कलह के संकेत दिए हैं।
निर्दलीय प्रत्याशी ने दी शिकस्त इस चुनाव में जेडीयू के अभिषेक झा को निर्दलीय उम्मीदवार बंशीधर ब्रजवासी ने 9,147 मतों के भारी अंतर से हरा दिया। ब्रजवासी की यह लगातार दूसरी जीत है, जिसने जेडीयू के लिए चिंता बढ़ा दी है।
4,700 वोटों के रद्दीकरण पर सवाल हार के बाद अभिषेक झा ने सोशल मीडिया पर एक लंबी पोस्ट लिखकर अपनी व्यथा साझा की। उन्होंने दावा किया कि चुनाव में उनके पक्ष के करीब 4,700 वोट इसलिए निरस्त कर दिए गए क्योंकि उन पर टिक का निशान था।
झा ने तंज कसते हुए पूछा कि क्या इतने जागरूक मतदाता गलती से उनके नाम के सामने टिक का निशान लगा सकते हैं? उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि ये वोट रद्द न होते, तो जीत उनकी होती।
क्या अपनों ने ही बुना चक्रव्यूह ? सबसे चौंकाने वाला दावा अभिषेक झा का वह बयान है जिसमें उन्होंने खुद की तुलना अभिमन्यु से की है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या वह अपने ही राजनीतिक परिवार (NDA) के भीतर रचे गए चक्रव्यूह में अकेले पड़ गए थे?
हालांकि, उन्होंने किसी नेता का नाम नहीं लिया और न ही किसी के प्रति द्वेष रखने की बात कही, लेकिन इस बयान ने स्पष्ट कर दिया है कि चुनाव के दौरान भीतरघात की आशंका से वे इनकार नहीं कर रहे हैं।
समर्थकों को दिया भरोसा अभिषेक झा ने इस हार को अपनी व्यक्तिगत पीड़ा बताया है। उन्होंने अपने समर्थकों, जिनमें शिक्षक, वकील, डॉक्टर और युवा शामिल हैं, का आभार जताया। उन्होंने वादा किया कि भले ही चुनाव परिणाम उनके हक में न रहा हो, लेकिन वह अपने साथियों के साथ हमेशा खड़े रहेंगे।
विजेता को दी बधाई अंत में, अभिषेक झा ने विजयी उम्मीदवार बंशीधर ब्रजवासी को बधाई दी। उन्होंने उम्मीद जताई कि ब्रजवासी स्नातक क्षेत्र की समस्याओं और विकास के मुद्दों को प्राथमिकता देंगे। साथ ही, उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि जनहित के कार्यों में वे पूरी तरह सहयोग करेंगे।
तिरहुत के मेरे अपने स्नातक भाई-बहनों, साथियों और शुभचिंतकों,
— Abhishek Jha (@AbhishekJhaNITP) October 30, 2026
सबसे पहले तो आप तक अपनी बात पहुँचाने में हुई इस देरी के लिए मैं हृदय से क्षमा प्रार्थी हूँ। चुनाव के परिणाम भले ही मेरे पक्ष में नहीं आए, लेकिन इन बीते दिनों में आपने मुझे जो स्नेह, विश्वास और अपनापन दिया है, सच कहूँ तो… pic.twitter.com/fI8NvIq7iu
पहले लिफाफा खुला, फिर डील हुई: IDBI बैंक-फेयरफैक्स के ₹53,000 करोड़ के सौदे पर क्यों उठ रहे सवाल?
छात्रों की ऐतिहासिक जीत: जामिया में 20 साल बाद फिर गूंजेगा लोकतंत्र, छात्र संघ चुनाव का रास्ता साफ
बनासकांठा को बड़ी सौगात: पीएम मोदी ने खेती और पशुपालन को दी तकनीक की नई रफ्तार
वर्ल्ड कप जीत के बाद धोनी का सीक्रेट मैसेज, स्मृति मंधाना ने खोला बड़ा राज
बादलों ने रोका चांद का रास्ता, तो फ्लाईओवर पर उतरीं सुहागनें: करवा चौथ का वीडियो वायरल
भारत-पाक महामुकाबला: हॉन्ग कॉन्ग सिक्सेस में आज दो चिर-प्रतिद्वंद्वी आमने-सामने, जानें फुल डिटेल्स
यमुना में मनोज तिवारी की डुबकी: बोले- डेढ़ साल में आधी नदी हुई साफ
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर क्या बोले अनंत सिंह? JDU नेता पर लगाया बड़ा आरोप
ट्रंप के T1 फोन की खुली पोल: HTC का क्लोन निकला अमेरिकी ब्रांड का स्मार्टफोन!
यह सब नीरज ने करवाया है , सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर अनंत सिंह की पहली प्रतिक्रिया