नक्सलवाद का अंत बस शुरुआत: अब बस्तर के जख्म भरेंगे और मिटाएंगे हिंसा के निशान
News Image

नक्सलवाद का खात्मा और नया संकल्प केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्पष्ट किया है कि देश से नक्सलवाद का पूरी तरह सफाया किया जा चुका है। हालांकि, उनका मानना है कि केवल वैचारिक या सशस्त्र अंत ही काफी नहीं है। अब सरकार का मुख्य लक्ष्य बस्तर और आसपास के क्षेत्रों से नक्सलवाद के हर उस निशान को मिटाना है, जिसने दशकों तक आदिवासियों के जीवन को प्रभावित किया है।

पांच दशकों का दर्द और मानवाधिकार गृह मंत्री ने याद दिलाया कि बस्तर के गरीब आदिवासी समुदायों ने पांच दशकों तक नक्सल हिंसा की भयावह मार झेली है। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि अपने राजनीतिक उद्देश्यों को पूरा करने के लिए आईईडी विस्फोटों के जरिए निर्दोषों को दिव्यांग बनाना मानवाधिकारों का सबसे गंभीर उल्लंघन है। सरकार अब इन पीड़ितों के जख्मों पर मरहम लगाने के लिए प्रतिबद्ध है।

मार्च 2026 तक का लक्ष्य हुआ पूरा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने देश से नक्सलवाद को 31 मार्च 2026 तक समाप्त करने का संकल्प लिया था। अमित शाह ने दावा किया है कि इस समय सीमा से पहले ही नक्सलवाद का अंत कर दिया गया है। अब सरकार का ध्यान उस सेवा संकल्प पर है, जो पीड़ितों को सम्मानजनक जीवन और आत्मनिर्भरता प्रदान करेगा।

पीड़ितों को मिलेगी नई शक्ति सेवा संकल्प अभियान के तहत दिव्यांग सेवा शिविर के दूसरे चरण में प्रभावित लोगों को कृत्रिम अंग और सहायक उपकरण बांटे जा रहे हैं। इसमें व्हीलचेयर, ट्राइसाइकिल, बैसाखी और स्मार्ट वॉकिंग स्टिक जैसे उपकरण शामिल हैं। सरकार का उद्देश्य है कि जो लोग हिंसा के कारण अपनी शारीरिक क्षमता खो बैठे, उन्हें दोबारा अपने पैरों पर खड़ा किया जाए।

बस्तर में बदलाव की बयार जगदलपुर में हाल ही में आयोजित शिविर में 3,600 से अधिक दिव्यांगों को लाभ पहुँचाया गया, जिनमें से 1,570 लाभार्थी केवल बस्तर क्षेत्र के थे। अमित शाह ने जोर देकर कहा कि यह आंकड़ा नक्सल हिंसा की विभीषिका को दर्शाता है। छत्तीसगढ़ सरकार और विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से बस्तर को फिर से एक समृद्ध और खुशहाल क्षेत्र बनाने की दिशा में यह एक निर्णायक कदम है।

*

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

गोरेगांव में खौफनाक वारदात: 10 साल की बच्ची ने 18 महीने के मासूम को डक्ट से नीचे फेंका, CCTV में कैद हुई घटना

Story 1

दिल्ली एयरपोर्ट से तौबा! अमेरिकी टूरिस्ट की खरी-खरी— भूलकर भी यहां से भारत मत आना

Story 1

बांग्लादेश का क्रांतिकारी मॉडल : नेहा बोरा के बयान पर सियासी घमासान, भाजपा ने राहुल गांधी को घेरा

Story 1

जन्मदिन पर मिला खास बैट, तो ट्रोल हुए बाबर आजम: क्या नया बल्ला बदलेगा किस्मत?

Story 1

ट्यूशन बंक कर गरबा खेल रहा था बच्चा, तभी सामने आ गईं टीचर; रंगे हाथों पकड़े जाने का मजेदार वीडियो वायरल

Story 1

क्या अब भारत छोड़ेंगे एक्टर इमरान खान? जानिए क्यों फंसी है बॉलीवुड स्टार की नागरिकता

Story 1

मध्य प्रदेश का इकोनॉमिक गेम-चेंजर : जबलपुर-भोपाल-इंदौर कॉरिडोर से आएंगे 1 लाख करोड़ का निवेश और 3 लाख रोजगार

Story 1

इलिनॉय: हिंदू मंदिर को दहलाने की खतरनाक साजिश नाकाम, बंदूक जाम होने से टला बड़ा नरसंहार

Story 1

पूर्व आईएएस दिव्या मित्तल ने बदली राह: ‘जननीति भारत’ पार्टी के साथ 2027 यूपी चुनाव में उतरेंगी

Story 1

दिल्ली के प्रेस क्लब में हंगामा: सरकार पर बरसे अभिजीत दिपके, पूछा- दिल्ली को भारत-पाकिस्तान बॉर्डर क्यों बना दिया?