इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट (ICC) के गिरफ्तारी वारंट के बावजूद इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का न्यूयॉर्क दौरा चर्चा का विषय बना हुआ है। सवाल यह है कि 125 देशों द्वारा बाउंड होने के बावजूद नेतन्याहू को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया?
यूरोपीय देशों के एयरस्पेस से सुरक्षित वापसी नेतन्याहू का विमान ग्रीस, इटली और फ्रांस जैसे देशों के ऊपर से गुजरा। ये तीनों देश रोम संधि का हिस्सा हैं, जो उन्हें ICC के वारंट वाले व्यक्ति को गिरफ्तार करने के लिए बाध्य करती है। हालांकि, फ्रांस ने स्पष्ट किया कि किसी विमान को अपने हवाई क्षेत्र से गुजरने की अनुमति देना अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन नहीं है। एयरस्पेस का उपयोग गिरफ्तारी के दायरे में नहीं आता।
अमेरिका की भूमिका और अधिकार क्षेत्र नेतन्याहू अमेरिका पहुंचे, जो रोम संधि का सदस्य ही नहीं है। इसलिए, अमेरिकी धरती पर ICC का नियम प्रभावी नहीं होता। न्यूयॉर्क के मेयर जैसे नेताओं का विरोध प्रतीकात्मक रहा, क्योंकि उनके पास अंतरराष्ट्रीय वारंट पर कार्रवाई करने का कोई कानूनी अधिकार क्षेत्र (Jurisdiction) नहीं है।
UNGA में वॉकआउट और कड़े तेवर संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) में नेतन्याहू के भाषण के दौरान कई देशों के प्रतिनिधियों ने सभा से बाहर निकलकर विरोध दर्ज कराया। इस पर नेतन्याहू ने वॉकआउट करने वालों को नैतिक कायर करार दिया। उन्होंने गाजा में युद्ध अपराधों के आरोपों को सदी का सबसे बड़ा झूठ बताया।
ICC वारंट: अधिकार और इजरायल का रुख 21 नवंबर 2024 को जारी वारंट में नेतन्याहू पर भुखमरी को हथियार बनाने और नागरिकों पर हमले के गंभीर आरोप हैं। इजरायल का तर्क है कि वह रोम संधि का हिस्सा नहीं है, इसलिए ICC का उस पर कोई अधिकार नहीं है। इसके विपरीत, ICC का मानना है कि फिलिस्तीन इसका सदस्य है, जिसके चलते वह गाजा क्षेत्र में हुए अपराधों पर न्यायिक कार्रवाई के लिए स्वतंत्र है।
गिरफ्तारी की जिम्मेदारी कौन निभाता है? ICC के पास अपनी कोई पुलिस या वैश्विक सुरक्षा बल नहीं है। अदालत पूरी तरह से सदस्य देशों की सरकारों पर निर्भर है। रोम संधि के अनुच्छेद 27 के तहत, राष्ट्राध्यक्ष होने के बावजूद किसी नेता को कानूनी छूट नहीं मिलती। यही कारण है कि नेतन्याहू के लिए अब वैश्विक स्तर पर यात्रा करना बेहद चुनौतीपूर्ण और सीमित हो गया है। फिलहाल, इजरायल इस कानूनी लड़ाई को अंतरराष्ट्रीय मंच पर खारिज करते हुए लड़ रहा है।
#WATCH | New York | Delegates from various countries leave the UN General Assembly hall as Israeli Prime Minister Benjamin Netanyahu begins his speech
— ANI (@ANI) September 24, 2026
Israeli Prime Minister Benjamin Netanyahu says, Before I begin, just a quick announcement: if there are any other moral cowards… pic.twitter.com/CBbFqwpEOe
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