सऊदी अरब की ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन पर हुए ड्रोन हमले के बाद सामने आई नई सैटेलाइट तस्वीरों ने वैश्विक ऊर्जा बाजार की चिंताएं बढ़ा दी हैं। तस्वीरों में पाइपलाइन के मुख्य पंपिंग स्टेशन के आसपास व्यापक तबाही और ढांचागत नुकसान साफ देखा जा सकता है, जिससे तेल आपूर्ति पर संकट के बादल छा गए हैं।
सैटेलाइट एनालिसिस में 10 सितंबर के आसपास पाइपलाइन के पंपिंग स्टेशन के पास असामान्य गर्मी और धुएं के निशान मिले हैं। ‘पहले और बाद’ की तस्वीरों की तुलना करने पर स्टेशन का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त और जला हुआ नजर आ रहा है। इस हमले के कारण सऊदी अरब ने ऐहतियातन पाइपलाइन को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है, जिसका असर यानबू बंदरगाह से होने वाले कच्चे तेल के निर्यात पर पड़ा है।
विशेषज्ञों के अनुसार, पाइपलाइन को पूरी क्षमता के साथ बहाल करना एक बड़ी चुनौती है। केप्लर के विश्लेषक होमायूं फलकशाही के मुताबिक, स्पेयर पार्ट्स की कमी और सप्लाई चेन की बाधाओं को देखते हुए मरम्मत में 4 से 6 सप्ताह का समय लग सकता है। हालांकि, आंशिक संचालन जल्दी शुरू हो सकता है, लेकिन पूरी तरह बहाली में लंबा समय लगने की आशंका है।
यह पाइपलाइन सऊदी अरब के पूर्वी तेल क्षेत्रों को लाल सागर स्थित यानबू बंदरगाह से जोड़ती है। यह करीब 1,200 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बायपास करने का एकमात्र सुरक्षित विकल्प है। इसके जरिए प्रतिदिन 4 से 5 मिलियन बैरल तेल का परिवहन होता है, जो दुनिया की कुल आपूर्ति का लगभग 4 फीसदी है। पाइपलाइन बंद होने की खबर आते ही ब्रेंट क्रूड की कीमतें 108 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गईं।
सऊदी अरब ने इस हमले के लिए इराक से संचालित ईरान समर्थित मिलिशिया को जिम्मेदार ठहराया है। साथ ही, यमन के हूती विद्रोही भी लगातार सऊदी ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। हूतियों ने खमीस मुशैत स्थित किंग खालिद एयर बेस पर भी ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं, जिसमें वहां तैनात अमेरिकी निर्मित F-15 लड़ाकू विमानों के हैंगर क्षतिग्रस्त होने की रिपोर्ट है।
तेल पाइपलाइन के साथ-साथ लाल सागर और बाब अल-मंदाब जलडमरूमध्य में हूती विद्रोहियों का बढ़ता दखल वैश्विक समुद्री व्यापार के लिए नई मुसीबत बन गया है। सऊदी अरब अब एक साथ दो मोर्चों पर चुनौतियों का सामना कर रहा है—एक तरफ स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की असुरक्षा और दूसरी तरफ ईस्ट-वेस्ट पाइपलाइन का ठप होना। यदि मरम्मत में और अधिक देरी हुई, तो वैश्विक स्तर पर तेल की महंगाई और आपूर्ति श्रृंखला में बड़ा व्यवधान आ सकता है।
CNN reports that pumping stations on Saudi Arabia’s key east-west pipeline were hit on Thursday, with one severely damaged.
— OSINTtechnical (@Osinttechnical) September 11, 2026
The pipeline currently carries 7+ million barrels of crude oil per day bypassing Hormuz. pic.twitter.com/t5fnZMGcgM
UPI पर विदेशी दबाव का आरोप बेबुनियाद: सरकार ने साफ की स्थिति, जानें क्या बदलेगा 15 अक्टूबर से
सुशांत और दिशा की मौत: भाजपा नेता का बड़ा दावा, कहा- दोनों हत्याएं आपस में जुड़ी हैं
जेम्स रोड्रिगेज का अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल को अलविदा, कोलंबियाई युग का अंत
काजी कैंप पर मिसाइल दागकर दिखाओ : ओवैसी की बीजेपी विधायक को खुली चुनौती
दादासाहेब फाल्के पुरस्कार 2024: कन्नड़ सिनेमा के दिग्गज अनंत नाग को मिलेगा भारतीय सिनेमा का सर्वोच्च सम्मान
मुंबई: लालबागचा राजा के दर पहुंचे BJP अध्यक्ष नितिन नवीन, मुख्यमंत्री फडणवीस ने किया स्वागत
गणपति विसर्जन में सलमान खान से हुई बड़ी चूक, बहन अर्पिता ने सबके सामने ऐसे सुधारी गलती
भक्ति और राजनीति का संगम: भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन ने टेका लालबागचा राजा के दर पर माथा
क्या अजीत अगरकर की विदाई तय? टीम इंडिया के नए चीफ सिलेक्टर की रेस में ये 4 नाम सबसे आगे
बिग बॉस 20: कैप्टेंसी टास्क ने तोड़ी माही विज और यंग डीएसए की गहरी दोस्ती!