कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: भारतीय मुक्केबाजों की ऐतिहासिक दहाड़, 10 खिलाड़ियों ने फाइनल में बनाई जगह
News Image

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय मुक्केबाजों का दबदबा कायम है। शुक्रवार को रिंग में भारतीय मुक्कों की गूंज सुनाई दी, जहां नरेंदर बरवाल, सचिन सिवाच और लवलीना बोरगोहाईं ने अपने-अपने सेमीफाइनल मुकाबले जीतकर स्वर्ण पदक की दौड़ में मजबूती से कदम रखा है।

नरेंदर बरवाल का आक्रामक प्रदर्शन पुरुषों के 90 किलोग्राम से भारी वजन वर्ग में नरेंदर बरवाल ने शानदार लय दिखाई। उन्होंने त्रिनिदाद और टोबैगो के नाइजेल पॉल को एकतरफा मुकाबले में पछाड़ते हुए फाइनल का टिकट कटाया। नरेंदर की आक्रामकता ने विरोधी को संभलने का मौका नहीं दिया और अब वे गोल्ड मेडल से सिर्फ एक कदम दूर हैं।

सचिन सिवाच की सूझबूझ भरी जीत पुरुषों की 60 किलोग्राम कैटेगरी में सचिन सिवाच ने वेल्स के ओवेन हैरिस-एलन को 5-0 के भारी अंतर से मात दी। सचिन ने संयम और आत्मविश्वास के साथ बेहतरीन पंच बरसाए। इस जीत के साथ ही भारत का एक और सिल्वर मेडल पक्का हो गया है, जबकि 1 अगस्त को होने वाले फाइनल में उनकी नजरें गोल्ड पर टिकी होंगी।

लवलीना बोरगोहाईं का शानदार सफर टोक्यो ओलंपिक की ब्रॉन्ज मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहाईं ने महिलाओं के 75 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में अपना जलवा बिखेरा। उन्होंने तुवालु की तरोना खानुम को 5-0 से हराकर पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स के फाइनल में प्रवेश किया है। स्वर्ण पदक के कड़े मुकाबले में अब उनका सामना ऑस्ट्रेलिया की एमा-सू ग्रीनट्री से होगा।

10 मुक्केबाज, 10 गोल्ड की उम्मीद भारत की 14 सदस्यीय बॉक्सिंग टीम के लिए यह अब तक का सबसे सफल प्रदर्शन साबित हो रहा है। कुल 10 मुक्केबाजों ने फाइनल में जगह बनाकर इतिहास रच दिया है। इनमें साक्षी चौधरी, प्रीति पवार, जैसमीन लांबोरिया, प्रिया घंघास, अरुंधति चौधरी, जादुमणि सिंह और अंकुश पंघाल जैसे धाकड़ खिलाड़ी शामिल हैं।

महासंघ अध्यक्ष का भरोसा भारतीय मुक्केबाजी महासंघ के अध्यक्ष अजय सिंह ने टीम के प्रदर्शन पर गर्व जताया है। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों का आत्मविश्वास देखने लायक है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत की झोली में सबसे ज्यादा पदक मुक्केबाजी से आएंगे। शाम के सत्र में पांच और मुक्केबाज रिंग में उतरेंगे, जिनसे देश को कई और पदकों की उम्मीद है।

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

बीजेपी नेता की बेटी का खुला विद्रोह: धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा माफी नहीं, बल्कि खुद को शहीद दिखाने की कोशिश

Story 1

PoJK में खूनी दमन पर भारत का कड़ा रुख, रूस में फंसे भारतीयों की रिहाई पर बड़ा अपडेट

Story 1

पाकिस्तान: गृह मंत्री ने दी युवाओं को कॉकरोच वाली चेतावनी, मची खलबली

Story 1

सुरों का जादू: अरुणाचल की तीन बहनों ने अपनी सादगी से जीता इंटरनेट का दिल

Story 1

गालियों से समस्याएं हल नहीं होतीं : जंतर-मंतर मामले पर पीएम मोदी का बड़ा संदेश

Story 1

भाला फेंकने वाले गेंदबाज से मात खा गए नीरज चोपड़ा: कॉमनवेल्थ गेम्स में चौंकाने वाला उलटफेर

Story 1

पेपर लीक माफियाओं की अब खैर नहीं; एंटी पेपर लीक कानून लागू, 10 साल की जेल और 10 करोड़ का जुर्माना

Story 1

आप बीजेपी से हो क्या? : घायल पुलिसकर्मियों के परिजनों के सवाल पर राहुल गांधी का विवादित बयान

Story 1

दिल्ली में अब हर घर का होगा अपना प्रॉपर्टी आधार कार्ड , सरकारी फाइलों से झंझट होगा खत्म!

Story 1

1 अगस्त से हुए बड़े बदलाव: एलपीजी से लेकर ट्रेन टिकट तक, आपकी जेब पर पड़ेगा सीधा असर