नई दिल्ली: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 8 से 14 जुलाई के बीच देश के अधिकांश हिस्सों में भारी से अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। उत्तर-पश्चिम से लेकर दक्षिण भारत तक मानसून पूरी तरह सक्रिय है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
पहाड़ों पर भारी बारिश और भूस्खलन का खतरा हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 8 से 14 जुलाई तक व्यापक बारिश होने का अनुमान है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी 8, 11 और 12 जुलाई को मूसलाधार बारिश हो सकती है। लगातार बारिश के कारण दार्जिलिंग और कालिम्पोंग जैसे पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन (Landslide) और मैदानी इलाकों में जलभराव का अलर्ट जारी किया गया है।
दिल्ली, यूपी और पंजाब में मौसम का मिजाज उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 8 से 10 जुलाई के बीच बारिश के आसार हैं। वहीं, उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में 13 जुलाई तक झमाझम बारिश की संभावना है। कई स्थानों पर 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है।
पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के लिए विशेष अलर्ट बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में मध्यम से भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में 14 जुलाई तक भारी बारिश होगी। खासकर अरुणाचल प्रदेश में बारिश का प्रकोप अधिक रहने की आशंका है, जिसके चलते प्रशासन को अलर्ट पर रखा गया है।
मुंबई में बारिश का कहर, रेल सेवाएं ठप मुंबई में मूसलाधार बारिश ने फिर से मुश्किल बढ़ा दी है। उपनगरीय ट्रेनें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं और कई लंबी दूरी की ट्रेनें रद्द या डायवर्ट की गई हैं। पालघर के वसई-विरार और दक्षिण गुजरात के इलाकों में जलभराव के कारण रेल परिचालन घंटों बाधित रहा। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से बात कर स्थिति का जायजा लिया है और हर संभव मदद का भरोसा दिया है।
दक्षिण और मध्य भारत की स्थिति मध्य प्रदेश में 8 से 11 जुलाई तक बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। वहीं, दक्षिण भारत के कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और तेलंगाना में 14 जुलाई तक भारी बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रहेगा। तटीय कर्नाटक और केरल में 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।
सावधानी बरतें मौसम विभाग ने लोगों से सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान आंधी-तूफान और बिजली गिरने की घटनाओं से बचने के लिए सतर्क रहें। जलभराव वाले इलाकों में जाने से बचें और अपनी यात्रा की योजना मौसम की स्थिति को देखकर ही बनाएं।
*IMD Weather Warning !
— India Meteorological Department (@Indiametdept) July 8, 2026
Date of Issue : 08-07-2026
Under the influence of Well-marked low-Pressure area over Northwest Madhya Pradesh & adjoining Southwest Uttar Pradesh, isolated extremely heavy rainfall likely over West Madhya Pradesh, over SubHimalayan West Bengal & Sikkim,… pic.twitter.com/DMg9c68zl4
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