संयुक्त राष्ट्र में भारत ने आतंकवाद के मुद्दे पर दुनिया के दोहरे मानदंडों को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। यूएन में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पी. हरीश ने स्पष्ट किया कि आतंकवाद को किसी भी राजनीतिक हित या बहाने से जायज नहीं ठहराया जा सकता।
अच्छे-बुरे के भेद पर प्रहार संयुक्त राष्ट्र की वैश्विक आतंकवाद-रोधी रणनीति की 9वीं समीक्षा के दौरान भारत ने दो-टूक कहा कि दुनिया को अब अच्छे और बुरे आतंकवादी वाली सोच को पूरी तरह त्याग देना चाहिए। भारत का मानना है कि आतंकवादी केवल आतंकवादी होता है और उसे किसी श्रेणी में नहीं बांटा जा सकता।
CCIT संधि की तत्काल आवश्यकता भारत ने साल 2006 में प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद पर व्यापक संधि (CCIT) को जल्द लागू करने की मांग दोहराई है। पी. हरीश ने कहा कि अब सभी देशों को राजनीतिक इच्छाशक्ति दिखाने की जरूरत है ताकि आतंकवादियों को मिलने वाली फंडिंग, हथियार और सुरक्षित ठिकानों पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।
आतंक की फंडिंग और FATF की भूमिका भारत ने जोर दिया कि आतंकवाद की फंडिंग के खिलाफ सामूहिक लड़ाई ही प्राथमिकता होनी चाहिए। इसके लिए FATF (फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स) के मानकों को सख्ती से लागू करना अनिवार्य है। भारत ने यह भी चेतावनी दी कि कोई भी देश आतंक के वित्तपोषण का सुरक्षित ठिकाना न बने, यह सुनिश्चित करना सभी की जिम्मेदारी है।
तकनीक के दुरुपयोग पर चिंता आतंकवादी संगठन अब नई तकनीकों जैसे ड्रोन, एआई (AI), डीपफेक और डार्क वेब का इस्तेमाल कर रहे हैं। भारत ने इन चुनौतियों से निपटने के लिए एक वैश्विक सुरक्षा ढांचा तैयार करने का आह्वान किया है, ताकि एन्क्रिप्टेड कम्युनिकेशन और ऑनलाइन रेडिकलाइजेशन पर लगाम लगाई जा सके।
प्रधानमंत्री मोदी के संदेश को दोहराया भारत ने यूएन के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस संदेश को फिर मजबूती से रखा, जिसमें उन्होंने कहा था, कहीं भी आतंकवाद, हर जगह शांति के लिए खतरा है। भारत ने स्पष्ट किया कि आतंकवाद के पीड़ितों को न्याय दिलाना और आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित करना अंतरराष्ट्रीय समुदाय का सबसे बड़ा दायित्व है।
Delivered India’s statement at Adoption of the Ninth Review of the United Nations Global Counter-Terrorism Strategy in the @UN today. As Prime Minister @NarendraModi has said, “Terror anywhere threatens peace everywhere”
— Parvathaneni Harish (@AmbHarishP) July 2, 2026
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