राजस्थान के शिक्षा जगत में एक बार फिर नकल माफियाओं की शर्मनाक करतूत सामने आई है। जयपुर वेस्ट पुलिस ने पैरामेडिकल परीक्षा के दौरान चल रहे एक बड़े नकल रैकेट का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में दो कॉलेजों के HOD और लेक्चरर सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
क्या था पूरा मामला? झुंझुनूं के एस. करण कॉलेज के 45 छात्र अपनी बैक परीक्षा को लेकर चिंतित थे। इन्हें पास कराने का जिम्मा कॉलेज के HOD कृष्ण कुमार सैनी और लेक्चरर शंकर लाल जाट ने लिया। इन लोगों ने जयपुर के प्रभा देवी मेमोरियल पीजी कॉलेज के संचालकों (रामकृष्ण मंडीवाल और देवकृष्ण मंडीवाल) के साथ मिलकर एक खतरनाक बिसात बिछाई।
5.5 लाख में पास होने का पैकेज साजिश यह थी कि परीक्षा के दौरान इन 45 छात्रों को एक ही कमरे में बैठाया जाएगा और वहां मौजूद फर्जी इनविजिलेटर की मदद से उन्हें पेपर हल करवाया जाएगा। इस पूरे खेल के लिए 5.50 लाख रुपये का सौदा तय हुआ था, जिसमें से 3.27 लाख रुपये की अग्रिम राशि 27 जून को ही ट्रांसफर कर दी गई थी।
ऐसे खुला राज जयपुर पुलिस की DST टीम को सूचना मिली थी कि परीक्षा केंद्र पर भारी गड़बड़ी हो रही है। पुलिस ने छापेमारी कर डायरियां और एडमिट कार्ड की PDF फाइलें बरामद कीं। डायरियों में छात्रों के नाम, वसूली गई रकम और उनके परीक्षा केंद्रों का पूरा हिसाब-किताब दर्ज था। मोबाइल चैट्स के जरिए यह साबित हुआ कि कॉलेज के जिम्मेदार पदों पर बैठे लोग ही इस रैकेट को ऑपरेट कर रहे थे।
परीक्षा केंद्र पर हंगामा और पेपर रद्द नकल का खेल उजागर होते ही परीक्षा केंद्र पर मौजूद अन्य छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। छात्रों ने जमकर नारेबाजी की और तोड़फोड़ की। स्थिति को संभालने के लिए भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा। बवाल के बाद राजस्थान पैरामेडिकल काउंसिल ने पूरे केंद्र की परीक्षाएं आगामी आदेश तक रद्द कर दीं।
शिक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान यह मामला सिर्फ एक परीक्षा की चोरी नहीं, बल्कि भविष्य के उन पैरामेडिकल स्टाफ की योग्यता पर सवाल है, जो आगे चलकर मरीजों की जान संभालेंगे। आरोपियों में HOD और लेक्चरर जैसे जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों का नाम आना शिक्षा प्रणाली की जड़ों में पनपी सड़न को दर्शाता है।
पुलिस की जांच और आगे की कार्रवाई फिलहाल, गिरफ्तार चारों आरोपियों से पूछताछ जारी है। डीसीपी (वेस्ट) प्रशांत किरण के अनुसार, पुलिस अब पैसे के लेन-देन के पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य संभावित चेहरों को बेनकाब करने की कोशिश कर रही है। ईमानदारी से पढ़ाई करने वाले छात्रों का भविष्य अब नई परीक्षा तारीख पर टिका है, लेकिन यह घटना शिक्षा माफियाओं के लिए एक बड़ी चेतावनी है।
*Jaipur, Rajasthan | Jaipur West Police busts major paramedical exam cheating racket. Four persons including Krishna Kumar Saini of HOD of the Paramedical Department at S. Karan College, Shankar Lal Jat, lecturer in the Radiology Department at S. Karan College, Ramkrishna… pic.twitter.com/UiGvAF6gfF
— ANI MP/CG/Rajasthan (@ANI_MP_CG_RJ) June 29, 2026
13 हजार की सैलरी, खाते में सिर्फ 3800 रुपये: ऑफिस में HR से भिड़ा कर्मचारी, वीडियो वायरल
फीफा वर्ल्ड कप से बाहर होते ही साउथ कोरियाई फुटबॉल में भूचाल, कोच ने दिया इस्तीफा
आंधी का कहर: फिरोजाबाद में मौत का तांडव, ई-रिक्शा पर गिरा विशाल पेड़; 5 की दर्दनाक मौत
पाकिस्तान के हवाई हमलों पर गरमाया माहौल, भारत ने अफगानिस्तान के समर्थन में भरी हुंकार
जसपाल राणा के परिवार में फिर छाया मातम: बेटे के जन्मदिन पर मां ने दुनिया को कहा अलविदा
दिल्ली में अब पुरानी कार की कीमत में नई इलेक्ट्रिक गाड़ी: सरकार का बड़ा ऐलान
ऋषिकेश में तिलक बिजनेस : युवाओं के लिए कमाई का नया जरिया या सिर्फ एक वायरल ट्रेंड?
झारखंड में शिक्षा की नई सुबह: 1,042 सहायक शिक्षकों को मिली नियुक्ति, सीएम ने सौंपी जिम्मेदारी
श्मशान से वसूली : महिलाओं को 10 हजार बांटने पर तेजस्वी के बिगड़े बोल, JDU ने किया पलटवार
मैक्सिको में असली बैटमैन का खौफ: चोरों को खंभे से बांधा, चेहरे पर लिख दिया चोर