एआई (AI) के बढ़ते इस्तेमाल के साथ एक डर लगातार बना हुआ था कि ये तकनीक पर्यावरण के लिए घातक है। रिपोर्ट्स बताती थीं कि एक छोटा सा ईमेल लिखवाने में आधा लीटर पानी खर्च हो जाता है। लेकिन अब बाजी पलट रही है। एनवीडिया (Nvidia) की नई तकनीक से डेटा सेंटर्स अब पानी की बचत करने वाले सबसे कुशल केंद्र बनने की राह पर हैं।
मैनहट्टन इंस्टीट्यूट के आंकड़ों के अनुसार, अमेरिका में डेटा सेंटर्स कुल दैनिक पानी के उपयोग का मात्र 0.2% हिस्सा ही खर्च करते हैं और यह आंकड़ा अब घटने वाला है। इसके पीछे एनवीडिया का नया रुबिन (Rubin) जनरेशन एआई इंफ्रास्ट्रक्चर है, जो डेटा सेंटर की दुनिया में एक क्रांतिकारी बदलाव लेकर आया है।
एनवीडिया का नया सिस्टम पूरी तरह से लिक्विड कूलिंग पर आधारित है। इसमें पुराने डेटा सेंटर्स की तरह शोर मचाने वाले पंखों का कोई नामोनिशान नहीं है। हर चिप को एक क्लोज्ड-लूप सिस्टम के जरिए ठंडा किया जाता है। सबसे दिलचस्प बात यह है कि इसका कूलिंग लिक्विड 45 डिग्री सेल्सियस तक गर्म होकर भी प्रभावी ढंग से काम करता है, जो इसे पारंपरिक सिस्टम से कहीं ज्यादा सक्षम बनाता है।
पारंपरिक कूलिंग-टॉवर सिस्टम में प्रति मेगावाट प्रति वर्ष लगभग 26 लाख गैलन पानी खर्च होता था। नई तकनीक इस खपत को लगभग शून्य (100% की कमी) तक लाने में सक्षम है। चिलर्स की जगह बाहरी हवा (Outdoor Air) का इस्तेमाल होने से न केवल पानी की भारी बचत हो रही है, बल्कि बिजली की लागत में भी भारी गिरावट आ रही है।
विशेषज्ञों के अनुसार, 50-मेगावाट क्षमता वाली एक फैसिलिटी इस तकनीक से साल भर में कूलिंग और पानी पर होने वाले लगभग 33 करोड़ रुपये (40 लाख डॉलर) बचा सकती है। डेटा सेंटर्स में होने वाली 40% बिजली की खपत, जो केवल कूलिंग में जाती थी, अब काफी हद तक कम हो जाएगी।
एनवीडिया का विजन सिर्फ पानी बचाना नहीं है। इस प्रक्रिया में उत्पन्न होने वाली वेस्ट हीट (अवशिष्ट गर्मी) को बर्बाद करने के बजाय उसे आसपास के घरों या इमारतों को गर्म करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकेगा। इससे डेटा सेंटर्स केवल ऊर्जा खपत करने वाले केंद्र नहीं, बल्कि स्थानीय समुदाय के लिए एक उपयोगी संसाधन बन जाएंगे।
साफ है, एआई और पर्यावरण के बीच का तनाव अब खत्म होने वाला है। तकनीकी नवाचार ने साबित कर दिया है कि भविष्य की एआई क्रांतियां न केवल तेज होंगी, बल्कि वे पहले से कहीं ज्यादा पर्यावरण के अनुकूल भी होंगी।
Water usage has been a hot topic in the AI data center world, but the numbers may surprise you.
— NVIDIA (@nvidia) June 22, 2026
According to the Manhattan Institute, data centers use 0.2 percent of daily water usage in the U.S. and that number has dramatically decreased in the past few years due to a new… pic.twitter.com/QnlGrLR5ks
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