मिडिल ईस्ट में छिड़े युद्ध का असर अब भारत की अर्थव्यवस्था पर गहराता जा रहा है। कच्चा तेल महंगा होते ही भारतीय शेयर बाजार में 22 महीने की सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई। एक ही दिन में निवेशकों के 12 लाख करोड़ रुपये स्वाहा हो गए, जो भारत के कुल रक्षा बजट से भी डेढ़ गुना ज्यादा है।
बाजार बंद होने तक सेंसेक्स 2,497 अंक फिसलकर 74,207 पर रहा, जबकि निफ्टी 776 अंक टूटकर 23,002 पर बंद हुआ। कच्चे तेल की कीमतों में उछाल ने निवेशकों का भरोसा पूरी तरह हिला दिया है, जिससे बाजार में चौतरफा बिकवाली देखी गई।
आमतौर पर युद्ध के समय सोने को सुरक्षित निवेश माना जाता है, लेकिन इस बार तस्वीर उलटी है। सर्राफा बाजार में सोने के दाम 7,000 रुपये गिरकर 1.48 लाख रुपये (10 ग्राम) पर आ गए हैं। वहीं, चांदी में 20,000 रुपये की भारी गिरावट देखी गई, जिससे इसका भाव 2.30 लाख रुपये प्रति किलो रह गया है। यह उन निवेशकों के लिए बड़ा झटका है जिन्होंने इसे निवेश का सुरक्षित जरिया माना था।
युद्ध का सबसे घातक असर तेल की कीमतों पर पड़ा है। भारत के लिए कच्चे तेल की इंडियन बास्केट का भाव फरवरी के 69 डॉलर प्रति बैरल से बढ़कर अब 146 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया है। यानी सिर्फ एक महीने में तेल की लागत में 112% का इजाफा हुआ है। इसके पीछे शिपिंग और इंश्योरेंस की बढ़ती लागत भी एक प्रमुख कारण है।
आंकड़ों के मुताबिक, कच्चे तेल में 1 डॉलर की बढ़ोतरी भारत के आयात बिल को 1.5 अरब डॉलर बढ़ा देती है। मौजूदा कीमतों के हिसाब से भारत को 115 अरब डॉलर (लगभग 10.71 लाख करोड़ रुपये) अतिरिक्त खर्च करने पड़ सकते हैं। यह राशि भारत के कुल वार्षिक बजट का करीब 20% हिस्सा है, जो विकास कार्यों पर सीधा असर डाल सकती है।
भारत अपनी जरूरत का 50% से ज्यादा तेल मिडिल ईस्ट से आयात करता है। इसके अलावा, भारत अपनी गैस जरूरतों का आधा हिस्सा कतर से मंगाता है। युद्ध के कारण होर्मुज स्ट्रेट के रास्ते प्रभावित होने और कतर के इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमलों से बिजली उत्पादन, फर्टिलाइजर और उद्योगों में गैस सप्लाई का संकट गहरा सकता है। अगर युद्ध लंबा खिंचा, तो भारत के लिए ऊर्जा सुरक्षा बनाए रखना एक बड़ी चुनौती होगी।
#DNAमित्रों | ऑयल बम फटा...भारत को कितना घाटा? कच्चे तेल में उछाल... शेयर बाजार में भूचाल !
— Zee News (@ZeeNews) March 19, 2026
महायुद्ध के असर को समझाने वाला विश्लेषण#DNA #DNAWithRahulSinha #IranUSAWar #India #Economy@RahulSinhaTV pic.twitter.com/okDbMZkgLg
धुरंधर 2 पर सियासत: भूपेश बघेल का तीखा हमला, कहा- यह चापलूसी की पराकाष्ठा है
ममता का मास्टरस्ट्रोक : महिलाओं को भत्ता, युवाओं को पॉकेट मनी और किसानों के लिए खजाना
प्लेइंग-11 तो दूर, टीम में भी जगह के लायक नहीं शाहीन अफरीदी? पूर्व दिग्गज का तीखा प्रहार
शादी के अगले दिन ही नेट प्रैक्टिस! अर्जुन तेंदुलकर की इस सनक को देख दंग रह गए ऋषभ पंत
मौसम का मिजाज: गुजरात-आंध्र प्रदेश में रेड अलर्ट, दिल्ली-NCR में फिर लौटी ठंड
कोमल की रफ्तार के आगे सब फेल: रोहतास की शूटिंग प्रतियोगिता में घोड़ी ने जीता गोल्ड
IPL 2026 से पहले KKR की चांदी, 18 करोड़ का मैच विनर हुआ फिट, पहले मैच से ही मिलेगी एंट्री!
IPL 2026: लखनऊ सुपर जायंट्स की ताकत और कमजोरी का चिट्ठा, क्या ऋषभ पंत की कप्तानी में पलटेगी किस्मत?
धुरंधर 2 का क्लाइमेक्स: पाकिस्तान की छाती पर बैठा हिंदुस्तानी जासूस, जिसने 45 साल तक हिलाकर रख दी सरहद
ईरानी हमले में बाल-बाल बचा अमेरिका का F-35, करानी पड़ी इमरजेंसी लैंडिंग