कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास और राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका को दिल्ली की स्पेशल एग्जिक्युटिव मजिस्ट्रेट (SEM) कोर्ट ने 5 दिन की न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेज दिया है। आरोप है कि दोनों ने जंतर-मंतर के प्रतिबंधित क्षेत्र में बिना अनुमति प्रवेश किया और बेल बॉन्ड की शर्तों का उल्लंघन किया।
नेताओं के अधिवक्ता अभिष्ट हेले ने पुलिस की कार्रवाई को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने अदालत में तर्क दिया कि पुलिस ने यह झूठा दावा किया कि तीनों नेताओं ने लोगों को प्रदर्शन के लिए उकसाया था। अधिवक्ता के अनुसार, कनॉट प्लेस से जुड़ी एक पुरानी शिकायत का गलत इस्तेमाल कर उन्हें फंसाया गया है और पुलिस केवल अपराध की आशंका के आधार पर उन्हें हिरासत में ले रही है।
CJP संयोजक अभिजीत दीपके ने इस गिरफ्तारी को असहमति की आवाज दबाने वाला कदम बताया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि क्या जंतर-मंतर पर तिरंगा फहराना अब अपराध की श्रेणी में आता है? उन्होंने केंद्र सरकार को चुनौती देते हुए कहा कि अगर विपक्ष को कुचलना ही मकसद है, तो सरकार को आधिकारिक तौर पर आपातकाल की घोषणा कर देनी चाहिए।
इस मामले में हिरासत में लिए गए तीसरे सदस्य अजिंक्य शिंदे को कोर्ट ने बेल बॉन्ड भरने पर छोड़ दिया है। बाहर आते ही शिंदे ने बताया कि आशुतोष रांका के जन्मदिन के दिन ही उन्हें जेल भेजना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि तिरंगा लहराने और वंदे मातरम के नारे लगाने के कारण सरकार ने दमनकारी रुख अपनाया है।
शिंदे ने वर्तमान स्थिति की तुलना ब्रिटिश राज से करते हुए कहा कि जैसे आजादी की लड़ाई में तिरंगा फहराने पर क्रांतिकारियों को जेल होती थी, आज वही स्थिति दोहराई जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे इस फासीवादी सरकार को सत्ता से हटाने तक अपना संघर्ष जारी रखेंगे।
पार्टी की लीगल हेड रत्ना सिंह ने प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि नेताओं को देर रात तक वकीलों से नहीं मिलने दिया गया। उन्होंने बताया कि तीनों को सुबह 3 बजे एक प्राइवेट वैन के जरिए संसद मार्ग पुलिस स्टेशन लाया गया था। फिलहाल, पार्टी की राष्ट्रीय कार्यसमिति इस घटना के बाद अपनी अगली रणनीति तैयार करने के लिए बैठक कर रही है।
#WATCH | Delhi: Cockroach Janta Party (CJP) Chief Spokesperson Saurav Das and its National Spokesperson Ashutosh Ranka being brought out of Mandir Marg Police Station.
— ANI (@ANI) October 14, 2026
They have been sent to 5-day judicial custody. pic.twitter.com/LIcRzFwutx
तमिलनाडु की सियासत में गला काटने वाला इशारा कैसे बना नया ट्रेंड? विजय का स्वैग और DMK की बौखलाहट
55 डिग्री की तपन, 8 हजार कलश और अटूट सेवा: दंतेश्वरी मंदिर में भक्ति की अग्निपरीक्षा
IPL 2027: यॉर्कर किंग टी नटराजन की घरेलू टीम में वापसी, दिल्ली कैपिटल्स से ट्रेड में हुआ करोड़ों का नुकसान
अघोषित आपातकाल के खिलाफ एक सुर: INDIA ब्लॉक और कॉकरोच जनता पार्टी का साझा मोर्चा
जो प्रभु श्री राम का विरोध करेगा, वह हमारा शत्रु : 2027 चुनाव से पहले सपा को बड़ा झटका, 3 बागी विधायक BJP में शामिल
गुरुग्राम की सड़कों पर चलता-फिरता शादी का मंडप: ट्रक के अंदर दूल्हा-दुल्हन को देख दंग रह गए लोग
जय जोहार कहना पड़ा भारी: आदिवासी छात्रों को धमकाने वाले थानेदार को सीएम ने किया सस्पेंड
हैमस्ट्रिंग की चोट या चाल ? कैस अहमद के ड्रामे ने दिलाई गुलबदीन नईब की याद
शबीर को वापस लो, वरना भुगतो : पाकिस्तान पर भड़के निगेल फराज, वीजा-फ्लाइट बैन की दी धमकी
राजधानी एक्सप्रेस में अब कंबल नहीं, प्रीमियम फ्लोरल कॉमफर्टर्स का मिलेगा आराम