देवघर में आयोजित सैनिक संपर्क मेला का शुभारंभ उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने किया। इस दौरान उन्होंने इस पहल को राष्ट्र का विश्वास और अटूट प्रतिबद्धता करार दिया। सदैव आपके साथ थीम पर आधारित यह मेला उन सैनिकों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का माध्यम है, जो देश की सीमाओं की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर देते हैं।
उपराष्ट्रपति ने कहा कि झारखंड की धरती वीरों और क्रांतिकारियों की भूमि रही है, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अंग्रेजों से लोहा लिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि जिस तरह सैनिक देश के लिए सीमा पर डटे रहते हैं, उसी तरह समाज का भी यह कर्तव्य है कि वह सैनिकों और उनके परिवारों के साथ हमेशा खड़ा रहे। साथ ही, उन्होंने वन रैंक वन पेंशन जैसी योजनाओं के माध्यम से सैनिकों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना की।
इस मेले की सबसे बड़ी विशेषता एकल खिड़की व्यवस्था रही। अक्सर पेंशन, चिकित्सीय सेवाओं और अन्य दस्तावेजों के लिए पूर्व सैनिकों को दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते हैं, लेकिन इस मेले में जिला प्रशासन, वित्तीय संस्थान और स्वास्थ्य विभाग के स्टॉल एक ही मंच पर उपलब्ध रहे। इसका उद्देश्य अंतिम छोर पर बैठे पूर्व सैनिक और वीर नारी तक सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी परेशानी के पहुँचाना है।
राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि सदैव आपके साथ केवल एक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह सैनिकों के प्रति देश की आस्था है। उन्होंने कहा कि भारत हमारी पहचान है और सैनिक हमारी संप्रभुता के संरक्षक हैं। उनके साहस के आगे शब्द कम पड़ जाते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि सैनिकों का सम्मान करना केवल एक भावना नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का राष्ट्रीय दायित्व है।
कार्यक्रम में मौजूद सांसद डॉ. निशिकांत दुबे ने संताल परगना में बेहतर चिकित्सा सुविधाओं की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि साहेबगंज, गोड्डा और पाकुड़ जैसे क्षेत्रों में मेडिकल कॉलेजों की स्थापना समय की मांग है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से स्वास्थ्य के क्षेत्र में मिलकर काम करने का आग्रह किया, ताकि दूर-दराज के इलाकों में बेहतर इलाज की सुविधाएं मिल सकें।
मेला स्थल पर स्कूली बच्चों का उत्साह देखते ही बन रहा था। विद्यार्थियों ने न केवल सेना के अधिकारियों से उनके पराक्रम के बारे में जानकारी ली, बल्कि उनके साथ तस्वीरें खिंचवाकर इस पल को यादगार बनाया। सेना के बैंड की धुनों ने पूरे वातावरण को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। उपराष्ट्रपति और अन्य अतिथियों ने शिविरों का निरीक्षण किया और इस आयोजन की सराहना करते हुए इसे लोक कल्याण की बेहतरीन मिसाल बताया।
*माननीय उपराष्ट्रपति महोदय जी का स्वागत देवभूमि देवघर में किया pic.twitter.com/LC0Q1OOL0e
— Dr Nishikant Dubey (@nishikant_dubey) October 10, 2026
CJP प्रमुख अभिजीत दिपके के सामने धर्मसंकट: हिरासत में विरोध या दादी की अंतिम विदाई?
दादी के निधन के बीच दिल्ली पुलिस की गिरफ्त में अभिजीत दिपके, घर जाने की अनुमति पर सस्पेंस
राजस्थान: ट्रैफिक अफसर का थप्पड़ और वकील का ईगो , किशनगढ़ में मचा भारी बवाल
डरहम टेस्ट: मैट रेनशॉ का रनों का तूफान , 9 साल बाद जड़ा यादगार शतक
यूपी का कृषि चमत्कार : देश के कुल खाद्यान्न उत्पादन में 21% हिस्सेदारी, बदली किसानों की तकदीर
क्या फिर लौट रहा है Orkut? फाउंडर ने इंटरनेट का चेहरा बदलने के लिए मांगा यूजर्स का साथ
राहुल गांधी का बड़ा दावा: पीएम मोदी को अपने अपराधों की कीमत चुकानी होगी
दिल्ली में सियासी उबाल: चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन करने निकले केजरीवाल समेत कई दिग्गज हिरासत में
हिरासत में कहां हैं CJP के तीनों नेता? दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर उठे गंभीर सवाल
हिरासत के बीच गहराया दुख: अभिजीत दीपके की दादी का निधन, परिवार पर टूटा गमों का पहाड़