संयुक्त राष्ट्र में भारत की मोर डिप्लोमेसी : 45 साल बाद फिर जिनेवा पहुंचा भारत का राष्ट्रीय पक्षी
News Image

जिनेवा में भारत की शान भारत ने स्विट्जरलैंड के जिनेवा स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (UNOG) को अपने राष्ट्रीय पक्षी मोर का तोहफा दिया है। करीब 45 साल बाद हुई इस खास पहल के तहत भारत ने पांच नर मोर भेंट किए हैं, जिनमें चार नीले और एक दुर्लभ सफेद मोर शामिल है। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत अरिंदम बागची ने आधिकारिक कार्यक्रम में ये मोर UNOG की महानिदेशक तातियाना वालोवाया को सौंपे।

क्या है इस उपहार के पीछे का संदेश? यह उपहार महज एक भेंट नहीं, बल्कि भारत और संयुक्त राष्ट्र के बीच गहरे संबंधों और बहुपक्षीय सहयोग का प्रतीक है। मोर को भारत में सुंदरता, गरिमा और मजबूती का प्रतीक माना जाता है। भारत का कहना है कि यह कदम जैव विविधता के प्रति उसकी प्रतिबद्धता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति वैश्विक एकजुटता को दर्शाता है।

इतिहास के पन्नों में दर्ज है जिनेवा और मोरों का रिश्ता जिनेवा के संयुक्त राष्ट्र परिसर में मोरों का इतिहास दशकों पुराना है। 1951 में वहां मौजूद पियरे नाम के मोर ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं। वहीं, 1981 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने भी दिल्ली चिड़ियाघर से मोरों का एक जोड़ा उपहार में भेजा था। दिलचस्प बात यह है कि 1954 में एक मोर सोवियत प्रतिनिधिमंडल की कार पर चढ़ गया था, जिसकी तस्वीरें उस समय अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी चर्चा में रही थीं।

तीन महीने निगरानी में रहेंगे नए मेहमान फिलहाल इन पांचों मोरों को परिसर में एक विशेष अस्थायी घर में रखा गया है। UNOG की महानिदेशक के अनुसार, ये मोर करीब तीन महीने तक इसी निगरानी में रहेंगे, ताकि वे नए माहौल में ढल सकें। इसके बाद उन्हें ऐतिहासिक एरियाना पार्क में खुले तौर पर घूमने के लिए छोड़ दिया जाएगा। इनकी स्वास्थ्य संबंधी देखरेख की जिम्मेदारी जिनेवा बायोपार्क के निदेशक डॉ. टोबियास ब्लाहा संभाल रहे हैं।

जल्द होगा नामकरण भारत की ओर से मिले इन विशेष दूतों को लेकर संयुक्त राष्ट्र प्रशासन काफी उत्साहित है। परिसर में रहने वाले इन मोरों के नाम रखने के लिए जल्द ही एक प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इसके जरिए जिनेवा के लोग और संयुक्त राष्ट्र से जुड़े अन्य सदस्य इन मेहमानों के नाम चुनने में भाग ले सकेंगे। फिलहाल, ये मोर वहां आने वाले मेहमानों के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

देश के 15 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, दिल्ली-NCR में फिर बदलेगा मौसम; अमरनाथ यात्रा पर रोक

Story 1

जब जडेजा बने कुलदीप यादव: गंभीर की हंसी छूटी, वायरल हुआ दिलचस्प वीडियो

Story 1

IIT दिल्ली दीक्षांत समारोह: पीएम मोदी के सामने सिर झुकाने के निर्देश पर बढ़ा विवाद, ओवैसी ने उठाए सवाल

Story 1

X का बड़ा फैसला: अब कॉपी-पेस्ट से नहीं, ओरिजिनल कंटेंट से होगी मोटी कमाई

Story 1

मथुरा में कारसेवा का बिगुल: 6 दिसंबर को जन्मभूमि कूच का ऐलान, संतों का हुंकार- कृष्ण लला हम आएंगे

Story 1

क्या महाराष्ट्र की राजनीति में कॉकरोच लाएंगे बड़ा बदलाव? आदित्य ठाकरे की रहस्यमयी मुलाकात से मची हलचल

Story 1

लियोनल मेसी पर दुखों का पहाड़: पिता जॉर्ज मेसी का 68 वर्ष की आयु में निधन

Story 1

नोएडा: करोड़ों के फ्लैट में भरभराकर गिरी छत, बाल-बाल बची जान; निर्माण क्वालिटी पर उठे सवाल

Story 1

भारत के आसमान में जल्द गूंजेगी एयर टैक्सी: 15 मिनट में नोएडा से गुरुग्राम का सफर होगा आसान!

Story 1

इस्तीफे के 2 हफ्ते बाद धर्मेंद्र प्रधान का पहला बयान: NEET विवाद और Gen Z पर तोड़ी चुप्पी