अगर आप भी बाजार से सामान खरीदते समय पैकेट पर छपे ‘100% प्योर’ या ‘100% नेचुरल’ के दावों पर आंख मूंदकर भरोसा करते हैं, तो यह खबर आपके लिए चेतावनी है। देश के फूड रेगुलेटर FSSAI ने डाबर इंडिया के कई लोकप्रिय फूड प्रोडक्ट्स पर सख्त कार्रवाई करते हुए उनकी बिक्री पर रोक लगा दी है।
किन प्रोडक्ट्स पर गिरी गाज? FSSAI ने डाबर के उन प्रोडक्ट्स को निशाने पर लिया है जिन पर भ्रामक दावे किए गए थे। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
क्यों गलत है 100% प्योर का दावा? रेगुलेटर के अनुसार, भारतीय खाद्य नियमों में 100% का दावा करने का कोई कानूनी प्रावधान नहीं है। विज्ञान के नजरिए से किसी चीज को 100% शुद्ध साबित करना नामुमकिन है। लैब यह तो बता सकती है कि किसी उत्पाद में मिलावट है या नहीं, लेकिन यह प्रमाणित नहीं कर सकती कि वह 100% शुद्ध है। ये दावे ग्राहकों को गुमराह करने और खुद को अन्य ब्रांड्स से बेहतर दिखाने की एक रणनीति मात्र है।
जैविक भारत लोगो का विवाद मामला सिर्फ विज्ञापनों तक ही सीमित नहीं है। FSSAI ने पाया कि डाबर हिमालयन ऑर्गेनिक एप्पल साइडर विनेगर और डाबर ऑर्गेनिक हनी पर सरकारी जैविक भारत (Jaivik Bharat) का लोगो लगा था, जबकि कंपनी के पास इसके लिए वैध ऑर्गेनिक प्रमाणन नहीं था। यह सीधे तौर पर सरकारी मानकों के उल्लंघन का मामला है।
क्या अब बाजार से हट जाएंगे ये उत्पाद? FSSAI ने डाबर को आदेश दिया है कि वह तत्काल प्रभाव से इन उत्पादों की बिक्री रोके और 15 दिनों के भीतर एक्शन टेकन रिपोर्ट सौंपे। हालांकि, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर अभी भी ये उत्पाद देखे जा सकते हैं, क्योंकि पैकेजिंग और डिजिटल लिस्टिंग को बदलने में समय लगता है।
ग्राहकों के लिए जरूरी सलाह यह पहली बार नहीं है जब FSSAI ने 100% वाले दावों पर सख्ती दिखाई है। इससे पहले जून 2024 में भी कंपनियों को जूस पर 100% फ्रूट जूस लिखने से मना किया गया था। एक्सपर्ट्स की सलाह है कि खरीदारी करते समय बड़े-बड़े विज्ञापनों के बजाय उत्पाद के पीछे लिखी इनग्रेडिएंट लिस्ट , FSSAI लाइसेंस नंबर और वैध ऑर्गेनिक सर्टिफिकेशन मार्क की जांच जरूर करें।
अब सबकी निगाहें इस पर टिकी हैं कि डाबर इस आदेश का पालन कैसे करती है और क्या FSSAI अन्य ब्रांड्स के भ्रामक दावों पर भी ऐसी ही लगाम लगाएगा।
FSSAI has issued a Prohibition Order directing M/s Dabur India Limited to immediately cease the sale of food products carrying misleading 100% claims.#FSSAINotice #FSSAIAction pic.twitter.com/7GdNRUJFyh
— FSSAI (@fssaiindia) August 3, 2026
फुकेट-दिल्ली एयर इंडिया फ्लाइट में भयानक टर्बुलेंस: हवा में हिचकोले खाने के बाद सुरक्षित उतरा विमान
OnePlus 16 की धमाकेदार एंट्री: शानदार फीचर्स और कीमत का हुआ खुलासा
E20 ईंधन के खिलाफ सड़कों पर उतरी AAP, पीएम आवास की ओर किया मार्च
NEET UG 2026: तेलंगाना में MBBS-BDS दाखिले प्रक्रिया शुरू, 5 अगस्त से करें आवेदन
वह टॉयलेट में हैं, थोड़ा इंतजार करें : हिरासत से पहले उदयनिधि स्टालिन के घर का वीडियो वायरल
ड्रोन सफारी: सब्जीवाले का पीछा कर रूसी ड्रोन ने किया धमाका, यूक्रेन का दावा- यह जंग नहीं, आतंक है
क्या बेन स्टोक्स बनेंगे इंग्लैंड के अगले कोच? संन्यास के बाद भविष्य की बड़ी योजना का किया खुलासा
8000mAh बैटरी और Gorilla Glass 7i का दम, POCO M8 Power भारत में लॉन्च: जानें कीमत और फीचर्स
बांकीपुर से प्रशांत किशोर की जीत: प्रियंका गांधी का बड़ा दावा- भाजपा से ऊब चुकी है जनता
गृह मंत्री अमित शाह से मिले अनुपम खेर: सिनेमा, समाज और संस्कृति पर हुई यादगार चर्चा