स्पेन के उत्तरी अफ्रीकी एन्क्लेव सेउटा में बीते कुछ दिनों से अफरा-तफरी का माहौल है। मोरक्को से हजारों की संख्या में प्रवासी समुद्र में तैरकर स्पेन की सीमा में घुसने की कोशिश कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में लोगों को रबर की रिंग और फ्लिपर्स के सहारे जान जोखिम में डालकर यूरोप की दहलीज पार करते देखा जा सकता है। स्थिति इतनी गंभीर हो गई है कि स्पेनिश प्रशासन ने सीमा पर सैन्य तैनाती बढ़ा दी है।
मोरक्को के लोगों के लिए सेउटा यूरोप का प्रवेश द्वार है। भौगोलिक रूप से सेउटा स्पेन का हिस्सा है, लेकिन यह अफ्रीकी महाद्वीप पर स्थित है। मोरक्को से इसकी दूरी महज कुछ किलोमीटर है। आर्थिक बदहाली, बेरोजगारी, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी के चलते मोरक्को के युवा बेहतर भविष्य की तलाश में पलायन कर रहे हैं। साथ ही, 2030 फीफा वर्ल्ड कप की तैयारियों के दौरान बुनियादी जरूरतों की अनदेखी के आरोपों ने वहां के युवाओं में गहरा आक्रोश पैदा किया है।
स्पेन यूरोप में है और मोरक्को उत्तर-पश्चिमी अफ्रीका में। इन दोनों के बीच जिब्राल्टर स्ट्रेट स्थित है, जो एक महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्ग है। स्पेन के दो स्वायत्त इलाके—सेउटा और मेलिला—पूरी तरह से अफ्रीकी तट पर बसे हैं। यही वजह है कि मोरक्कन नागरिक समुद्र के जरिए कुछ ही घंटों में यूरोप की सीमा (सेउटा) में प्रवेश कर जाते हैं।
हाल ही में स्पेन के सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया था, जिसमें कहा गया कि समुद्र के रास्ते आने वाले प्रवासियों को बिना कानूनी प्रक्रिया के तुरंत मोरक्को वापस नहीं भेजा जा सकता। मानवाधिकारों से जुड़े इस फैसले को मानव तस्करों ने एक मौके के रूप में इस्तेमाल किया है। तस्कर अब लोगों को प्रलोभन देकर अवैध तरीके से भारी संख्या में सीमा पार करवा रहे हैं।
मोरक्को आधिकारिक तौर पर सेउटा और मेलिला को स्पेन का हिस्सा नहीं मानता और अक्सर इसे कब्जे वाली जमीन कहता है। यह शहर लंबे समय से मैड्रिड और रबात (मोरक्को की राजधानी) के बीच कूटनीतिक तनाव का केंद्र रहा है। साल 2021 में भी मोरक्को ने सीमा से पाबंदी हटाकर हजारों लोगों को एक साथ सेउटा में प्रवेश करने दिया था, जो स्पेन के प्रति एक कूटनीतिक दबाव था।
स्पेन के लिए प्रवासियों का आगमन कोई नई बात नहीं है, लेकिन संख्या लगातार बढ़ रही है। स्पेन की 4.9 करोड़ की आबादी में करीब 95 लाख विदेशी मूल के लोग हैं। इनमें मोरक्को के नागरिक सबसे ज्यादा (करीब 10 लाख) हैं। ये विदेशी नागरिक स्पेन के श्रम बाजार में 13% का बड़ा योगदान देते हैं। हालांकि, अचानक बढ़ी इस भीड़ ने स्पेन सरकार के सामने राष्ट्रीय सुरक्षा और मानवीय संकट खड़ा कर दिया है।
फिलहाल स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने स्थिति को नियंत्रित करने का भरोसा दिलाया है। लेकिन जिस तरह से लोग जोखिम उठाकर समुद्र पार कर रहे हैं, वह न केवल एक मानवीय त्रासदी है, बल्कि यूरोप के सुरक्षा ढांचे के लिए एक बड़ी चुनौती भी है।
NEW: Spain is now deploying its military after thousands of military-aged men stormed over the border into Ceuta, Spain.
— Collin Rugg (@CollinRugg) July 30, 2026
Ceuta authorities are calling on Madrid to declare a national emergency after the border totally collapsed.
The situation is absolute chaos. It’s not… pic.twitter.com/Mpe5Lc1xlK
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