मनीला: फिलीपींस की राजधानी मनीला में जारी QUAD और ASEAN बैठकों के बीच भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से मुलाकात की। यह मुलाकात केवल औपचारिक नहीं थी, बल्कि इसमें जयशंकर ने रूस को भारत का कड़ा संदेश भी दे दिया।
भारतीयों की मौत पर नहीं चूके जयशंकर हाल ही में यूक्रेन के ओडेसा पोर्ट के पास एक मालवाहक जहाज MV GOLDEN LEO पर हुए मिसाइल हमले में चार भारतीय नाविकों की जान चली गई थी। इस मुद्दे को लेकर भारत बेहद गंभीर है। दिल्ली में रूसी राजनयिक को तलब करने के बाद, अब मनीला में जयशंकर ने सीधे लावरोव के सामने अपनी चिंता जाहिर की। उन्होंने जोर देकर कहा कि क्षेत्र में भारतीय नाविकों की सुरक्षा भारत के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है।
क्या हुआ था हमले में? 19 जुलाई की शाम ओडेसा बंदरगाह से निकलते समय जहाज पर मिसाइल से हमला किया गया। इस जहाज पर कुल 17 चालक दल के सदस्य थे, जिनमें पांच भारतीय नागरिक शामिल थे। दुर्भाग्य से, इस हमले में चार भारतीयों (अखिल जोयन, गुरप्रीत सिंह भट्ट, जगन सिंह और अभिषेक निषाद) की मौत हो गई। भारत ने इस घटना को समुद्री व्यापार और निर्दोष नागरिकों की जान के साथ खिलवाड़ बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है।
इंडो-पैसिफिक में बदलता पावर गेम यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब फिलीपींस में QUAD (भारत, अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया) के विदेश मंत्री जुट रहे हैं, वहीं रूस आसियान डायलॉग पार्टनर के तौर पर वहां मौजूद है। चीन की नाक के नीचे हो रही इन बैठकों में रूस की मौजूदगी यह दर्शाती है कि इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भू-राजनीतिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं।
यूक्रेन का आरोप, रूस निशाने पर दूसरी तरफ, यूक्रेन ने इस हमले के लिए सीधे तौर पर रूस को जिम्मेदार ठहराया है। यूक्रेन का दावा है कि रूस ने जानबूझकर नागरिक मालवाहक जहाज को निशाना बनाया है जो समुद्री कॉरिडोर से गुजर रहा था।
भारत की दोहरी रणनीति विदेश मंत्री जयशंकर ने सोशल मीडिया पर बैठक की जानकारी देते हुए बताया कि उन्होंने द्विपक्षीय संबंधों, व्यापार, ऊर्जा, विज्ञान और तकनीक जैसे मुद्दों पर चर्चा की। लेकिन, इन संबंधों की समीक्षा के बीच भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर जोर देकर भारत ने यह स्पष्ट कर दिया है कि रणनीतिक साझेदारी अपनी जगह है, लेकिन अपने नागरिकों की जान के मामले में भारत कोई समझौता नहीं करेगा। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भी कहा है कि भारत प्रभावित परिवारों को हर संभव मदद उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
An in-depth review of our bilateral relations with FM Sergey Lavrov of Russia.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) July 22, 2026
Reiterated our strong concern regarding the safety of Indian seafarers in the region. Discussed various aspects of our partnership, including trade & investment, energy & connectivity, science &… pic.twitter.com/hjswnKidfP
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