# वायरल वीडियो से दहला दौसा: स्कूली छात्राओं के साथ दरिंदगी का खौफनाक मंजर, पुलिस की ताबड़तोड़ छापेमारी
News Image

दौसा: राजस्थान के दौसा जिले से सामने आए एक भयावह वीडियो ने पूरे प्रदेश को सन्न कर दिया है। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे इस वीडियो में स्कूल ड्रेस पहने दो छात्राओं के साथ कथित तौर पर यौन हिंसा और जबरदस्ती का प्रयास होते दिखाई दे रहा है। वीडियो सामने आने के बाद इलाके में भारी आक्रोश है और अपराधी किस्म के लोगों की गिरफ्तारी की मांग जोर पकड़ रही है।

खंडहर में मासूमों की चीखें

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह वीडियो किसी पुराने समय का बताया जा रहा है। इसमें दो स्कूली छात्राओं को जबरन एक सुनसान और खंडहरनुमा जगह पर ले जाते हुए दिखाया गया है। वीडियो में बच्चियों के रोने और मदद के लिए गुहार लगाने की आवाजें साफ सुनी जा सकती हैं, जो किसी को भी विचलित करने के लिए काफी है।

सक्रिय हुआ पुलिस महकमा

वीडियो वायरल होते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। दौसा पुलिस अधीक्षक (एसपी) पीयूष दीक्षित ने मामले को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं। पुलिस ने अलग-अलग टीमें गठित कर संदिग्धों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि वे इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि वीडियो कब का है और इसे अब क्यों वायरल किया गया।

आरोपियों की पहचान का दावा

प्रारंभिक सूचनाओं के मुताबिक, पुलिस ने दो संदिग्ध आरोपियों की पहचान कर ली है। दावा किया जा रहा है कि इनमें से आरोपी पहले भी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे हैं और जेल जा चुके हैं। पुलिस उनके आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही है ताकि ठोस कानूनी कार्रवाई की जा सके।

खड़े हो रहे गंभीर सवाल

यह घटना कई बड़े सवाल खड़े कर रही है:

  1. अगर घटना पुरानी है, तो पुलिस को इसकी भनक क्यों नहीं लगी?
  2. क्या डर या सामाजिक दबाव के कारण छात्राएं चुप रहीं?
  3. जिसने वीडियो बनाया, उसने मदद क्यों नहीं की?
  4. यह वीडियो इतने समय तक किसके पास था और क्यों वायरल किया गया?

सोशल मीडिया पर वीडियो न फैलाने की अपील

साइबर विशेषज्ञों ने आम नागरिकों से अपील की है कि इस संवेदनशील वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर न करें। कानून के तहत नाबालिग यौन अपराध पीड़ितों की पहचान उजागर करना दंडनीय अपराध है। साथ ही, ऐसा करने से पीड़ितों की गरिमा को ठेस पहुंचती है और जांच प्रभावित होती है।

जांच के बाद ही स्पष्ट होगी सच्चाई

पुलिस का कहना है कि फॉरेंसिक जांच और डिजिटल साक्ष्यों के विश्लेषण के बाद ही पूरी स्थिति साफ हो पाएगी। वीडियो के साथ किसी तरह की छेड़छाड़ हुई है या नहीं, इसकी भी तकनीकी जांच की जा रही है। फिलहाल, पुलिस की प्राथमिकता आरोपियों को सलाखों के पीछे डालने और पूरे मामले की तह तक पहुंचने की है।

*

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

IRCTC की नई वेबसाइट: एक PhD छात्रा की सलाह और रेल मंत्री का पूरा हुआ वादा

Story 1

अस्पताल के बिस्तर पर भी जारी सोनम वांगचुक का संकल्प, संसद कूच की तैयारी से गरमाई दिल्ली

Story 1

अंतरिक्ष में भारत की नई गूंज: विक्रम-1 की सफल लॉन्चिंग से रचा इतिहास

Story 1

कुमाऊं से गढ़वाल का सफर अब आसान: रामनगर-देहरादून एक्सप्रेस का हुआ आगाज

Story 1

सोनम वांगचुक की सेहत पर बढ़ा रहस्य: डॉक्टर ने दावों पर उठाए सवाल, बोले- सरकारी रिपोर्ट पर भरोसा नहीं

Story 1

फीफा वर्ल्ड कप फाइनल: अमेरिका ने रोका स्पेन के वर्ल्ड चैंपियन का रास्ता, ट्रंप से लगाई गुहार

Story 1

यूपी में चिराग पासवान का बड़ा दांव: सभी 403 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान, क्या एनडीए में मचेगी हलचल?

Story 1

राजौरी में कुदरत का कहर: मूसलाधार बारिश से आई भीषण बाढ़, बस अड्डे में समा गईं गाड़ियां

Story 1

फीफा वर्ल्ड कप फाइनल: लामिन यमाल का नया लुक , नाई की रॉल्स-रॉयस ने बटोरी सुर्खियां

Story 1

सोनम वांगचुक की सेहत पर संकट: डॉक्टरों की चेतावनी के बाद भी इलाज से इनकार