US Crisis: चुनाव का इंतजार नहीं, ट्रंप को अभी जाना होगा - ईरान जंग पर अपनों के बीच घिरे राष्ट्रपति
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वाशिंगटन डीसी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान के खिलाफ रिजीम चेंज का दांव उलटा पड़ता दिख रहा है। ईरान में जहां जनता सरकार के समर्थन में सड़कों पर है, वहीं अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डीसी में ट्रंप प्रशासन के खिलाफ भारी विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया है।

चुनाव तक का इंतजार नहीं ट्रंप प्रशासन ने ईरान के साथ दो हफ्तों के संघर्ष विराम (सीजफायर) का ऐलान किया था, लेकिन प्रदर्शनकारी इससे संतुष्ट नहीं हैं। व्हाइट हाउस के बाहर जमा हुए लोगों का कहना है कि समस्या केवल एक नीति नहीं, बल्कि खुद राष्ट्रपति हैं। प्रदर्शनकारियों के हाथों में बैनर हैं जिन पर लिखा है- ट्रंप को अभी जाना होगा, युद्ध अपराध बंद करो।

युद्ध अपराध के लग रहे आरोप प्रदर्शन में शामिल एक आक्रोशित नागरिक ने कहा, हम चुनावों तक इंतजार नहीं कर सकते। ट्रंप प्रशासन जो क्रूरता कर रहा है, उसे अभी रुकना होगा। राष्ट्रपति ने व्हाइट हाउस से बैठकर जो युद्ध अपराध किए हैं, उन्हें बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। जब तक वह सत्ता से बाहर नहीं जाते, हम हर दिन सड़कों पर उतरेंगे।

बिना वजह की बमबारी पर गुस्सा विरोध कर रहे लोगों का मानना है कि अमेरिकी सेना बिना किसी ठोस बहाने के ईरान पर लापरवाही से बमबारी कर रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इस सैन्य कार्रवाई से पूरे क्षेत्र के निर्दोष नागरिकों की जान जा रही है। उन्होंने इसे एक बड़ी त्रासदी करार देते हुए इसे तुरंत रोकने की मांग की है।

अमेरिका फर्स्ट या इजराइल फर्स्ट ? ट्रंप की विदेश नीति पर अमेरिका के भीतर ही सवाल उठने लगे हैं। वेनेजुएला, क्यूबा, यूक्रेन और अब ईरान जैसे देशों के साथ बढ़ते तनाव ने ट्रंप की अमेरिका फर्स्ट नीति की साख पर बट्टा लगा दिया है। आलोचकों का आरोप है कि ट्रंप की नीतियां अब इजराइल फर्स्ट बनकर रह गई हैं, जिससे अमेरिका अनावश्यक रूप से युद्ध में फंसता जा रहा है।

अशांति का केंद्र बना व्हाइट हाउस भले ही ट्रंप ने हमले की समय सीमा से पहले सीजफायर की घोषणा कर दी हो, लेकिन अमेरिकी जनता का गुस्सा कम होने का नाम नहीं ले रहा। लोगों का मानना है कि जब तक ट्रंप और उनका पूरा प्रशासन सत्ता में है, दुनिया में अशांति और मासूमों की मौत का सिलसिला जारी रहेगा। राष्ट्रपति के लिए यह आंतरिक संकट अब एक बड़ी राजनीतिक चुनौती बनता जा रहा है।

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