अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ईरान के साथ हुए हालिया समझौते को लेकर विस्तार से जानकारी दी। लेकिन इस दौरान उन्होंने अमेरिका के सबसे करीबी सहयोगी इसराइल को भी कड़े शब्दों में नसीहत दी। वेंस ने इसराइली कैबिनेट के उन मंत्रियों को आड़े हाथों लिया जो ट्रंप प्रशासन के फैसलों की आलोचना कर रहे हैं।
ईरान को हर शर्त माननी होगी वेंस ने स्पष्ट किया कि ईरान के साथ हुआ समझौता पूरी तरह से प्रदर्शन-आधारित है। उन्होंने तीन मुख्य बिंदुओं पर जोर दिया: ईरान कभी परमाणु हथियार हासिल नहीं करेगा, होर्मुज़ स्ट्रेट अंतरराष्ट्रीय आवागमन के लिए खुला रहेगा, और ईरान को आर्थिक लाभ केवल तभी मिलेगा जब वह अपनी तमाम प्रतिबद्धताओं को पूरा करेगा। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस बातचीत के लिए 60 दिनों की समय-सीमा तय की है।
परमाणु कार्यक्रम पर कड़ी निगरानी प्रेस कॉन्फ्रेंस में परमाणु कार्यक्रम मुख्य मुद्दा रहा। वेंस ने बताया कि ईरान ने वादा किया है कि वह परमाणु हथियार बनाने की राह छोड़ देगा। इसके तहत, ईरान अपने उच्च-समृद्ध यूरेनियम भंडार को अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) की निगरानी में कम करेगा। साथ ही, अंतरराष्ट्रीय निरीक्षकों की वापसी को फिर से सुनिश्चित किया जा रहा है।
इसराइल को वेंस की खरी-खरी इसराइली कैबिनेट के कुछ दक्षिणपंथी मंत्रियों ने अमेरिका-ईरान समझौते की तीखी आलोचना की थी। इस पर पलटवार करते हुए वेंस ने कहा, अगर मैं इसराइली कैबिनेट का सदस्य होता, तो दुनिया में बचे अपने इकलौते ताकतवर सहयोगी (अमेरिका) पर सार्वजनिक रूप से हमला नहीं करता।
ट्रंप ही इसराइल के एकमात्र समर्थक वेंस ने इसराइल को याद दिलाया कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर डोनाल्ड ट्रंप ही एकमात्र ऐसे विश्व नेता हैं जो इसराइल के प्रति वास्तव में सहानुभूति रखते हैं। उन्होंने कहा, पिछले तीन महीनों में इसराइल की सुरक्षा के लिए जो दो-तिहाई रक्षा उपकरण इस्तेमाल हुए हैं, वे अमेरिका द्वारा बनाए गए हैं और अमेरिकी करदाताओं ने उनका भुगतान किया है।
नेतन्याहू को वास्तविकता का आभास उपराष्ट्रपति ने सीधे तौर पर कहा कि इसराइल की सबसे बड़ी समस्या अमेरिका के राष्ट्रपति नहीं हैं। उन्होंने नसीहत देते हुए कहा कि जो लोग ट्रंप की आलोचना कर रहे हैं, उन्हें वास्तविकता को समझना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने खुद ऐसा कोई आक्रामक रुख नहीं अपनाया है, लेकिन उनके कैबिनेट के सदस्यों को संयम बरतना चाहिए।
#WATCH | US Vice President JD Vance says, ... I saw the Axios report, that Netanyahu is fuming. That s not reflective of the conversations that I ve had with him... President Trump is the only head of state in the entire world who is sympathetic to the nation of Israel at this… pic.twitter.com/UNMIovRiDg
— ANI (@ANI) June 18, 2026
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