जब फूलपुर का मतलब अतीक हो गया था: उस खौफनाक हत्याकांड की कहानी जिसने बदल दी इलाहाबाद की तकदीर
News Image

एक वक्त था जब देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की लोकसभा सीट फूलपुर को लोग एक माफिया के नाम से जानने लगे थे। लोग कहते थे, अच्छा, फूलपुर मतलब अतीक वाली सीट। सफेद टाटा सुमो का काफिला जब सड़क पर निकलता, तो चौराहे सन्नाटे में डूब जाते थे। खिड़कियों से बाहर झांकती बंदूकें और गाड़ियों की गिनती करते खौफजदा लोग, अतीक अहमद के रसूख की पहचान बन चुके थे।

राजनीतिक हार का बदला और राजू पाल की हत्या अतीक अहमद जब 2004 में सांसद बना, तो उसने अपनी खाली हुई विधानसभा सीट अपने भाई अशरफ के लिए छोड़ने की कोशिश की। लेकिन बीएसपी के टिकट पर चुनाव लड़े राजू पाल ने अशरफ को 4,000 से ज्यादा वोटों से हरा दिया। यह हार अतीक के लिए बड़ा झटका थी। अपनी बपौती मानी जाने वाली सीट छिनने से बौखलाए अतीक ने राजू पाल को रास्ते से हटाने की साजिश रची।

सड़क पर दौड़-दौड़कर मारी गई गोलियां 25 जनवरी 2005 का दिन इलाहाबाद की सड़कों पर खून से लिखा गया। वरिष्ठ पत्रकार आलोक मालवीय बताते हैं कि सुलेम सराय जीटी रोड पर राजू पाल की गाड़ी को कई तरफ से घेर लिया गया। उन पर दिनदहाड़े गोलियों की बौछार कर दी गई। राजू पाल को अस्पताल ले जाते समय भी हमलावरों ने रास्ता रोककर कई बार गोलियां चलाईं। खौफ का आलम यह था कि हमलावरों ने राजू पाल की डेडबॉडी को चेक किया ताकि यह कन्फर्म हो सके कि उनकी सांसें थम चुकी हैं। राजू पाल के शरीर में कुल 19 गोलियां मिली थीं।

फिल्म धुरंधर-2 में अतीक का अक्स हाल ही में रिलीज हुई फिल्म धुरंधर-2 ने एक बार फिर अतीक अहमद के खौफ को चर्चा में ला दिया है। फिल्म में एक्टर सलीम सिद्दीकी द्वारा निभाए गए आतिफ अहमद के किरदार और उसकी बेबाक इलाहाबादी आवाज ने सोशल मीडिया पर लोगों को स्तब्ध कर दिया है। फिल्म में माफिया का आईएसआई (ISI) कनेक्शन दिखाया गया है, जिस पर बहस भी छिड़ी हुई है।

पूर्व डीजीपी की पुष्टि: पाक से थे गहरे संबंध फिल्म में दिखाए गए आईएसआई कनेक्शन को लेकर यूपी के पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह ने बड़ी बात कही है। उन्होंने बताया कि अतीक ने खुद स्वीकार किया था कि पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए पिस्तौल, एके-47 और आरडीएक्स पंजाब में गिराए जाते थे। अतीक के घर से पाकिस्तान ऑर्डिनेंस फैक्ट्री में बने कारतूस भी बरामद हुए थे, जो उसके लश्कर-ए-तैयबा और आईएसआई से संबंधों की पुष्टि करते थे।

बुरे काम का बुरा नतीजा सत्ता बदली, तो अतीक के साम्राज्य पर बुलडोजर चलने लगा। करोड़ों की अवैध संपत्ति जब्त की गई और उसे साबरमती जेल भेज दिया गया। अंततः 15 अप्रैल 2023 की रात, जब पुलिस उसे चिकित्सा जांच के लिए ले जा रही थी, मीडियाकर्मी बनकर आए तीन शूटरों ने सिर में गोली मारकर अतीक और अशरफ का खात्मा कर दिया। जिस खौफ ने राजू पाल को सड़कों पर दौड़कर मारा था, उसी खौफ का अंत भी एक खौफनाक और नाटकीय तरीके से हुआ।

*

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

धुरंधर 2 का अधूरा सीन हुआ पूरा: AI के जरिए मां से गले मिले रणवीर, फैंस बोले- दे दी दिल को तसल्ली

Story 1

टेस्ट या टी20? नितीश रेड्डी के जवाब ने ईशान किशन को भी कर दिया हैरान!

Story 1

लंदन में दहला यहूदी समुदाय: आपातकालीन सेवा की 4 एंबुलेंस फूंकीं, हेट क्राइम की जांच शुरू

Story 1

नंदीग्राम में भगवान श्रीराम की प्रतिमा का सिर काटा, चुनावी माहौल में उबाल

Story 1

मुंबई इंडियंस का ‘सैलरी रॉकेट’: रोहित, हार्दिक या सूर्या नहीं, ये खिलाड़ी है MI का सबसे महंगा सितारा!

Story 1

मुझे पंत पर पूरा भरोसा है : संजीव गोयनका का बड़ा बयान, LSG की भविष्य की योजनाएं हुई साफ

Story 1

एलन मस्क का बड़ा दांव: अब X पर एक टैप में मिलेगा लंबी खबरों का सार

Story 1

चुनाव से पहले दलबदल का खेला : कहीं भाजपा को झटका, तो कहीं वामपंथ के किले में सेंध

Story 1

धुरंधर 2 का खौफ: कराची की गलियों में भारतीय जासूसों की तलाश, पुलिस ने भिखारियों और संदिग्धों को घेरा

Story 1

दिल्ली बजट 2026: ₹5.31 लाख प्रति व्यक्ति आय के साथ देश में सबसे आगे राजधानी, आर्थिक सर्वेक्षण के 10 बड़े खुलासे