उन्हें शिक्षा से दिक्कत क्यों है? : CJP का BJP पर आरोप, स्कूल ऑडिट के दौरान हमले की साजिश का दावा
News Image

शिक्षा व्यवस्था पर सवाल और सियासी घमासान कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) अपने स्कूल ठीक करो कैंपेन के जरिए भारत के सरकारी स्कूलों की हकीकत को जनता के सामने ला रही है। संगठन के संस्थापक अभिजीत दिपके ने अब सीधे तौर पर भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। दिपके का दावा है कि भाजपा शासित राज्यों में उनके टीम के सदस्यों पर हमले किए जा रहे हैं और काम में बाधा डाली जा रही है।

विपक्ष बनाम भाजपा शासित राज्यों का अंतर अभिजीत दिपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक तीखा सवाल पूछा है— बीजेपी शिक्षा के खिलाफ क्यों है? उन्होंने दावा किया कि पंजाब, कर्नाटक और झारखंड जैसे विपक्ष शासित राज्यों में उन्हें कोई विरोध नहीं झेलना पड़ा। वहां सरकारी अधिकारियों और मंत्रियों ने न केवल उनका स्वागत किया, बल्कि स्कूल ऑडिट के फीडबैक का सकारात्मक संज्ञान भी लिया।

पंजाब और कर्नाटक में मिला सहयोग CJP के को-कन्वेनर सौरव दास ने बताया कि पंजाब में ऑडिट के दौरान वहां के शिक्षा मंत्री बैंस ने उनसे मुलाकात की और स्कूलों में मौजूद कमियों को ठीक करने का भरोसा दिलाया। इसी तरह, कर्नाटक में आशुतोष रंका ने शिक्षा मंत्री मधु बंगारप्पा के साथ बैठक कर साफ-सफाई और बुनियादी ढांचे से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। इन राज्यों में फीडबैक को सुधार का अवसर माना गया।

भाजपा शासित राज्यों में गुंडागर्दी का आरोप इसके विपरीत, दिपके का आरोप है कि भाजपा शासित राज्यों में CJP की टीम को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उनके डेलिगेशन पर हमले किए जा रहे हैं और आईडी सेल का डर साफ देखा जा सकता है। संगठन का मानना है कि जहां विपक्षी सरकारें जवाबदेही और सुधार के लिए तैयार हैं, वहीं भाजपा शिक्षा के बुनियादी मुद्दों पर चर्चा से भाग रही है और डराने-धमकाने का रास्ता अपना रही है।

क्या है CJP का मकसद? CJP का यह सोशल ऑडिट देश भर के सरकारी स्कूलों की असल तस्वीर दिखाने के लिए है। संगठन का मुख्य एजेंडा शिक्षा की गुणवत्ता, शिक्षकों की उपस्थिति और स्कूलों के इंफ्रास्ट्रक्चर की कमियों को उजागर करना है। CJP ने स्पष्ट कर दिया है कि वे शिक्षा सुधार की अपनी इस लड़ाई को किसी भी दबाव में रोकने वाले नहीं हैं और वे लगातार सरकारों को गरीब बच्चों के भविष्य के प्रति जवाबदेह बनाने की मांग करते रहेंगे।

कुछ अन्य वेब स्टोरीज

Story 1

दलीप ट्रॉफी का विचित्र नियम: बिना मैच जीते कैसे चैंपियन बनी ईशान किशन की टीम?

Story 1

राहुल गांधी से प्रेरणा पर बोले रोहित पवार, मुंबई एयरपोर्ट मस्जिद विवाद पर दिया बड़ा बयान

Story 1

ट्रंप का 5000 डॉलर वाला चुनावी दांव: क्या अमेरिका ने ली मध्य प्रदेश की लाडली बहना से प्रेरणा?

Story 1

iPhone 17 को बना दिया 18 Pro! दुकानदार की इस जादुई ट्रिक ने सोशल मीडिया पर मचाया तहलका

Story 1

दलीप ट्रॉफी पर ईस्ट जोन का कब्जा: ईशान और वैभव के विक्ट्री डांस से गूंजा चेपॉक

Story 1

चीन के शिपयार्ड में भीषण आग: मरम्मत के दौरान ओशन मेलोडी बना आग का गोला, 25 की दर्दनाक मौत

Story 1

शीतल देवी का जलवा: वर्ल्ड आर्चरी पैरा सीरीज में जीता गोल्ड, भारत ने आखिरी दिन बटोर लिए 6 मेडल

Story 1

मेहंदी आर्टिस्ट्स की नौकरी पर मंडराया संकट, अब मशीन बनाएगी हथेली पर जटिल डिजाइन!

Story 1

आकाश आनंद बाहर, छोटे भतीजे ईशान की एंट्री: बसपा में बड़ा बदलाव, मायावती ने दी नई जिम्मेदारी

Story 1

7 साल की बच्ची की बालकनी रिपोर्टिंग : बारिश के बाद सोसाइटी का हाल देख दंग रह जाएंगे आप