अमेरिका और ईरान के बीच चल रही सीजफायर की कोशिशों के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर कड़े तेवर दिखाए हैं। भले ही दोनों देशों के बीच तनाव कम होता दिख रहा हो, लेकिन ट्रंप ने साफ कर दिया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई का विकल्प अभी भी मेज पर बना हुआ है।
सम्मान नहीं, तो परिणाम बुरे होंगे व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा, जब तक वे हमारा सम्मान करेंगे, सब ठीक रहेगा। लेकिन अगर उन्होंने सम्मान नहीं किया, तो हालात अच्छे नहीं होंगे। यह बयान उस समझौते की नाजुक स्थिति को दर्शाता है जिसे लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सवाल उठ रहे हैं।
परमाणु हथियार: आर्थिक मंदी से बड़ा खतरा ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कदम उठाने के सवाल पर किसी भी तरह की हिचकिचाहट नहीं दिखाई। उन्होंने कहा कि उनके लिए परमाणु हथियार का खतरा किसी भी आर्थिक नुकसान से ज्यादा गंभीर है। उन्होंने तर्क दिया कि परमाणु हथियारों का प्रसार वैश्विक सुरक्षा और अर्थव्यवस्था के लिए किसी भी मंदी से ज्यादा विनाशकारी साबित होगा।
सैन्य कार्रवाई का दरवाजा बंद नहीं जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या वह ईरान के खिलाफ फिर से सैन्य कार्रवाई का जोखिम उठाएंगे, तो उन्होंने दो टूक जवाब दिया। उन्होंने कहा, अगर ईरान ने सही तरीके से व्यवहार नहीं किया या समझौते का पालन नहीं किया, तो मैं वही करूंगा जो मुझे करना होगा। यह संकेत है कि वॉशिंगटन अपनी सुरक्षा चिंताओं पर कोई समझौता करने के मूड में नहीं है।
नरम नहीं हुआ है रुख हाल के दिनों में चर्चा थी कि ईरान को लेकर ट्रंप का रुख थोड़ा नरम हुआ है। हालांकि, इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में ट्रंप ने ऐसी धारणाओं को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह युद्ध के पक्षधर नहीं हैं, लेकिन इसे अमेरिका की कमजोरी न समझा जाए।
प्रॉब्लम सॉल्वर की भूमिका में ट्रंप चर्चा के दौरान जब उनसे इजराइल और लेबनान के तनाव के बारे में पूछा गया, तो ट्रंप ने अपना पक्ष रखा। उन्होंने खुद को एक प्रॉब्लम सॉल्वर के रूप में पेश करते हुए कहा कि वह जटिल वैश्विक समस्याओं को तेजी से सुलझाने में विश्वास रखते हैं। नेतन्याहू के रुख पर उन्होंने भरोसा जताते हुए कहा कि सही समाधान जल्द ही निकाला जाएगा।
Trump on Iran: As long as they respect us, we re gonna be fine. If they don t respect us, things wouldn t be good. pic.twitter.com/S5LimhB1mr
— Aaron Rupar (@atrupar) June 22, 2026
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